कोलकाता। 12वें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को कोलकाता के रेड रोड पर आयोजित भव्य कार्यक्रम में हिस्सा लिया। इस दौरान उन्होंने हजारों लोगों के साथ सामूहिक योगाभ्यास किया और देशवासियों से स्वस्थ, संतुलित एवं सक्रिय जीवनशैली अपनाने का आह्वान किया।
योग को जीवन का अभिन्न हिस्सा बनाएं: अंतरराष्ट्रीय योग दिवस: पीएम मोदी ने कोलकाता में किया योगाभ्यास
संबंधित खबरें
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि भारत में हिमालय से लेकर हिंद महासागर तक, पूर्वोत्तर और बंगाल से लेकर पश्चिम में सौराष्ट्र तक पूरा देश योग की ऊर्जा से ओत-प्रोत नजर आ रहा है। उन्होंने कहा कि योग आज केवल व्यक्तिगत स्वास्थ्य का माध्यम नहीं, बल्कि पूरी दुनिया के बेहतर भविष्य की आवश्यकता बन चुका है।
प्रधानमंत्री ने कहा कि योग को केवल एक दिन या किसी विशेष आयोजन तक सीमित नहीं रखना चाहिए, बल्कि इसे दैनिक जीवन का अभिन्न हिस्सा बनाना चाहिए। उन्होंने कहा कि नियमित योगाभ्यास व्यक्ति को शारीरिक स्फूर्ति, मानसिक मजबूती और जीवनशैली से जुड़ी बीमारियों से लड़ने की क्षमता प्रदान करता है।
उन्होंने कहा कि योग का उद्देश्य केवल लंबी उम्र प्राप्त करना नहीं, बल्कि बढ़ती उम्र के साथ अपनी क्षमता और कार्यक्षमता को बेहतर बनाए रखना है। स्वस्थ और सक्रिय वृद्धावस्था का उल्लेख करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि हमारा लक्ष्य ऐसा होना चाहिए कि 40 वर्ष की उम्र में हम 20 वर्ष की उम्र से अधिक लचीले और 50 वर्ष की उम्र में 30 वर्ष की उम्र से अधिक ऊर्जावान महसूस करें।
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि योग शरीर को लचीला बनाता है, ऊर्जा के स्तर को बनाए रखता है, तनाव को कम करता है और जीवनशैली से जुड़ी अनेक बीमारियों से बचाव में मददगार साबित होता है। उन्होंने कहा कि नियमित योगाभ्यास व्यक्ति को अपने शरीर और मन को बेहतर ढंग से समझने तथा स्वयं का प्रभावी प्रबंधन करने की प्रेरणा देता है।
संबंधित खबरें