जयपुर | जयपुर जिला कलेक्ट्रेट सभागार में गुरुवार को जिला स्तरीय जनसुनवाई का भव्य आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य आमजन की समस्याओं को सीधे प्रशासन तक पहुँचाना था।
जिला कलेक्टर सन्देश नायक ने संवेदनशीलता दिखाते हुए कुल 84 फरियादियों की समस्याओं को विस्तार से सुना। प्रशासन की मुस्तैदी के चलते 10 प्रकरणों का मौके पर ही समाधान कर दिया गया।
प्रमुख समस्याओं का हुआ निस्तारण
जनसुनवाई में अतिक्रमण हटवाने, पेंशन शुरू करवाने और पेयजल की सुचारू सप्लाई जैसे मुद्दे प्रमुखता से छाए रहे। इसके अलावा पत्थरगढ़ी और कृषि भूमि विवादों पर भी चर्चा हुई।
कलेक्टर ने नामांतरण और जमीन विवाद से जुड़ी शिकायतों को गंभीरता से लिया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे आमजन के प्रति जवाबदेही सुनिश्चित करें और पारदर्शी तरीके से कार्य करें।
अधिकारियों को दिए सख्त निर्देश
कलेक्टर ने राजस्व अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे विवादित स्थलों पर खुद जाकर पीड़ितों के समक्ष मामलों का निस्तारण करें। उन्होंने फाइलों को अटकाने के बजाय समाधान पर जोर दिया।
उन्होंने कहा कि सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ हर पात्र व्यक्ति तक पहुँचना चाहिए। इसके लिए योजनाओं का व्यापक प्रचार-प्रसार करने की आवश्यकता है ताकि ग्रामीण भी जागरूक हो सकें।
जनप्रतिनिधियों की रही मौजूदगी
इस अवसर पर हवामहल विधायक बालमुकुन्दाचार्य और सिविल लाइन्स विधायक गोपाल शर्मा मौजूद रहे। किशनपोल विधायक अमीन कागजी और चौमू विधायक श्रीमती शिखा मील बराला ने भी सहभागिता की।
जिला प्रमुख श्रीमती रमा देवी चौपड़ा ने भी जनसुनवाई में हिस्सा लेकर जनहित के मुद्दों पर सुझाव दिए। जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति ने प्रशासन की संवेदनशीलता को और अधिक मजबूती प्रदान की।
मुख्यमंत्री की मंशा के अनुरूप कार्य
उल्लेखनीय है कि मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा आमजन के अभाव अभियोगों के समयबद्ध निस्तारण को लेकर काफी गंभीर हैं। उन्होंने जिला प्रशासन को नियमित जनसुनवाई के माध्यम से राहत देने के निर्देश दिए हैं।
जनसुनवाई में जिला परिषद सीईओ श्रीमती प्रतिभा वर्मा और विभिन्न विभागों के अतिरिक्त जिला कलेक्टर भी उपस्थित थे। पुलिस, विद्युत और स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने भी शिकायतों पर त्वरित संज्ञान लिया।