जयपुर | राजस्थान की राजधानी जयपुर में संविधान निर्माता भारत रत्न डॉ. भीमराव अंबेडकर की 135वीं जयंती को बेहद भव्य और गरिमापूर्ण तरीके से मनाने की तैयारियां जोरों पर हैं।
इस विशेष अवसर पर जयपुर के भवानी निकेतन शिक्षा समिति परिसर में एक विशाल राज्य स्तरीय समारोह का आयोजन किया जाएगा, जिसमें हजारों लोगों के जुटने की उम्मीद है।
इसी सिलसिले में संभागीय आयुक्त वी. सरवन कुमार की अध्यक्षता में शुक्रवार को कलक्टर सभागार में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई, जिसमें तैयारियों की समीक्षा की गई।
बैठक के दौरान संभागीय आयुक्त ने स्पष्ट किया कि 11 से 14 अप्रैल 2026 तक होने वाले सभी सरकारी कार्यक्रमों में किसी भी प्रकार की कमी नहीं रहनी चाहिए।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि डॉ. अंबेडकर की जयंती को राज्य सरकार की मंशानुरूप भव्यता और पूरी गरिमा के साथ आयोजित किया जाए।
सुरक्षा और यातायात प्रबंधन
संभागीय आयुक्त ने पुलिस आयुक्त को निर्देश दिए कि समारोह स्थल पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए जाएं ताकि आने वाले आगंतुकों को कोई परेशानी न हो।
इसके साथ ही, पेयजल और पार्किंग की व्यवस्था को लेकर भी विशेष दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं। यातायात पुलिस को ट्रैफिक डायवर्जन प्लान बनाने को कहा गया है।
पुलिस उपायुक्त (यातायात) को निर्देश दिए गए हैं कि वे एंट्री और एग्जिट पॉइंट्स को चिन्हित करें और बैरिकेडिंग के जरिए यातायात को नियंत्रित रखें।
समारोह स्थल पर मिलेंगी ये सुविधाएं
नगर परिषद आयुक्त को पार्किंग स्थल की सफाई, समारोह स्थल के समतलीकरण और पर्याप्त संख्या में चल शौचालयों की व्यवस्था करने के निर्देश दिए गए हैं।
दिव्यांगजनों के लिए अलग से शौचालयों की व्यवस्था की जाएगी। इसके अलावा, कार्यक्रम स्थल के रास्तों पर सफाई और दमकल वाहनों की तैनाती भी सुनिश्चित की जाएगी।
सार्वजनिक निर्माण विभाग के अधीक्षण अभियंता को डोम, स्टेज, कुर्सियों और सेफ हाउस के निर्माण की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
प्रत्येक ब्लॉक में स्वच्छ पेयजल, साइनेज और सिटिंग प्लान लगाने के निर्देश दिए गए हैं ताकि लोगों को बैठने में कोई असुविधा न हो।
गर्मी से बचाव के खास इंतजाम
अप्रैल के महीने में गर्मी की संभावना को देखते हुए प्रशासन ने पर्याप्त संख्या में पंखों और कूलरों की व्यवस्था करने के निर्देश दिए हैं।
बिजली की निर्बाध आपूर्ति के लिए डीजी सिस्टम यानी वैकल्पिक विद्युत व्यवस्था भी की जाएगी। इसके साथ ही उच्च गुणवत्ता वाले साउंड सिस्टम लगाए जाएंगे।
पेयजल के लिए पर्याप्त संख्या में टैंकरों और कैमरों की व्यवस्था की जाएगी। संभागीय आयुक्त ने लीकेज की मरम्मत के भी सख्त निर्देश दिए हैं।
स्वास्थ्य और आपदा प्रबंधन
मुख्य चिकित्सा स्वास्थ्य अधिकारी को निर्देश दिए गए हैं कि वे एक चिकित्सा एक्शन प्लान तैयार करें। मौके पर एम्बुलेंस, डॉक्टर और नर्सिंग स्टाफ मौजूद रहेगा।
इसके साथ ही, प्रतिभागियों को लाने वाली बसों में भी मेडिकल किट की व्यवस्था की जाएगी। आपदा प्रबंधन के लिए नागरिक सुरक्षा के स्वयंसेवक तैनात रहेंगे।
जिला कलक्टर संदेश नायक ने इस पूरे आयोजन की सफलता के लिए अतिरिक्त जिला कलक्टर आशीष कुमार और मुकेश कुमार मूण्ड को प्रभारी अधिकारी नियुक्त किया है।
सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग के संयुक्त निदेशक बी.पी. चन्देल को इस पूरे कार्यक्रम का नोडल अधिकारी बनाया गया है, जो सभी विभागों के साथ समन्वय करेंगे।