जयपुर |
राजस्थान में निकाय और पंचायत चुनाव की औपचारिक घोषणा से पहले ही राजनीतिक दलों ने अपनी कमर कस ली है। इसी बीच, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ ने शनिवार को जयपुर स्थित पार्टी मुख्यालय में कांग्रेस पर तीखा हमला बोला।
कांग्रेस में नेतृत्व को लेकर 'जलेबी रेस'
मदन राठौड़ ने मीडिया से बातचीत में कहा कि प्रदेश कांग्रेस इस समय नेतृत्व की लड़ाई और गुटबाजी में फंसी हुई है।
उन्होंने तंज कसते हुए कहा, "कांग्रेस में इस समय नेतृत्व को लेकर जलेबी रेस चल रही है।"
राठौड़ के अनुसार, पार्टी के नेता जनता के मुद्दों को छोड़कर अपनी राजनीतिक जमीन बचाने में लगे हुए हैं।
नेताओं में महत्वाकांक्षाओं का टकराव
उन्होंने कहा कि नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जुल्ली, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा, पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत और पूर्व उपमुख्यमंत्री सचिन पायलट, सभी अपनी-अपनी राजनीतिक महत्वाकांक्षाओं के साथ सक्रिय हैं।
राठौड़ ने कहा, "कांग्रेस के भीतर चल रही बयानबाजी इस बात का संकेत है कि पार्टी में नेतृत्व को लेकर असमंजस और असंतोष का माहौल है।"
उन्होंने याद दिलाया कि पहले गहलोत और पायलट के बीच टकराव था, और अब अलग-अलग नेताओं के बयान पार्टी की अंदरूनी गुटबाजी को उजागर कर रहे हैं।
'जनता नहीं, कुर्सी बचाने की लड़ाई'
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने आरोप लगाया कि कांग्रेस नेताओं की प्राथमिकता जनता के मुद्दे नहीं, बल्कि अपनी राजनीतिक स्थिति को मजबूत करना है।
उन्होंने कहा, "कभी डोटासरा कहते हैं कि उन्हें किसी प्रमाणपत्र की जरूरत नहीं है तो कभी अशोक गहलोत की तारीफ करते नजर आते हैं। इससे साफ है कि पार्टी के भीतर राजनीतिक असुरक्षा का माहौल है।"
राठौड़ ने यह भी आरोप लगाया कि कांग्रेस के नेता एक-दूसरे को कमजोर करने में लगे हुए हैं और पूरी पार्टी कुर्सी की राजनीति में उलझी हुई है।
भाजपा सरकार ने ढाई साल में किए बड़े काम
पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत और सचिन पायलट द्वारा राज्य सरकार पर लगाए जा रहे आरोपों का जवाब देते हुए राठौड़ ने कहा कि विपक्ष के पास आलोचना के अलावा कोई ठोस मुद्दा नहीं है।
उन्होंने दावा किया कि भाजपा सरकार ने पिछले ढाई साल में विकास के कई महत्वपूर्ण कार्य किए हैं।
विकास कार्यों की गिनाई सूची
राठौड़ ने कहा, "ईआरसीपी परियोजना को गति दी गई है, यमुना जल समझौते से शेखावाटी क्षेत्र को लाभ मिलेगा।"
उन्होंने बताया कि नर्मदा और पंजाब से अतिरिक्त पानी लाने के प्रयास भी किए जा रहे हैं और कई बांधों को मजबूत किया गया है।
राठौड़ ने कहा कि राजस्थान बिजली उत्पादन में आत्मनिर्भर बनने की ओर बढ़ रहा है। उन्होंने कहा, "कांग्रेस शासन में प्रदेश को बिजली खरीदनी पड़ती थी। अब राजस्थान बिजली बेचने की स्थिति में पहुंच गया है।"
इसके अलावा, उन्होंने रिकॉर्ड औद्योगिक निवेश, ढाई लाख युवाओं को रोजगार, बाड़मेर रिफाइनरी परियोजना और रोडवेज के आधुनिकीकरण का भी जिक्र किया।
निकाय-पंचायत चुनाव में विकास होगा बड़ा मुद्दा
आगामी चुनावों की रणनीति पर बात करते हुए मदन राठौड़ ने कहा कि पार्टी सरकार के विकास कार्यों और सुशासन के आधार पर जनता के बीच जाएगी।
उन्होंने बताया, "प्रत्येक नगर निकाय और पंचायत क्षेत्र की स्थानीय जरूरतों को ध्यान में रखते हुए अलग-अलग संकल्प पत्र तैयार किए जाएंगे।"
राठौड़ ने दावा किया कि भाजपा संगठन पूरी तरह चुनावी मोड में है और हाल के उपचुनावों में पार्टी के प्रदर्शन से कार्यकर्ताओं का मनोबल बढ़ा है।
जंतर-मंतर आंदोलन और संगठनात्मक फेरबदल पर राय
दिल्ली के जंतर-मंतर पर हुए छात्र आंदोलन पर उन्होंने कहा कि आंदोलन के दौरान घायल महिला पुलिसकर्मी की मौत दुखद है। उन्होंने आरोप लगाया कि आंदोलन में कुछ असामाजिक तत्व शामिल हो गए थे।
संगठन में हुए फेरबदल को उन्होंने एक सामान्य प्रक्रिया बताया और कहा कि संगठन और सरकार में पूरा समन्वय है।
डोटासरा पर ओबीसी आरक्षण को लेकर साधा निशाना
मदन राठौड़ ने गोविंद सिंह डोटासरा पर ओबीसी आरक्षण को लेकर भी सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि डोटासरा ने क्रीमी लेयर में होते हुए भी अपने बच्चों को आरक्षण का लाभ दिलाया।
उन्होंने कहा कि नियम सभी के लिए समान होने चाहिए और वह स्वयं भी अपने परिवार को नियमों के विरुद्ध कोई लाभ नहीं दिलाएंगे।
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