मीराबाई चानू ने जीता रजत पदक
एशियन गेम्स 2026 में भारत के लिए एक बड़ी खुशखबरी सामने आई है।
दिग्गज वेटलिफ्टर मीराबाई चानू ने महिलाओं के 49 किलोग्राम भार वर्ग में शानदार प्रदर्शन किया है।
उन्होंने कुल 198 किलोग्राम वजन उठाकर इतिहास रच दिया और सिल्वर मेडल अपने नाम किया।
स्नैच और क्लीन एंड जर्क का विवरण
मीराबाई ने स्नैच राउंड में बेहतरीन तकनीक का प्रदर्शन करते हुए 87 किलो भार उठाया।
इसके बाद क्लीन एंड जर्क राउंड में उन्होंने 111 किलो वजन सफलतापूर्वक उठाया।
फाइनल मुकाबले में उनका कुल स्कोर 198 किलोग्राम रहा, जिससे वह दूसरे स्थान पर रहीं।
साउथ कोरिया की री सॉन्ग गम का वर्ल्ड रिकॉर्ड
इस प्रतियोगिता में साउथ कोरिया की वेटलिफ्टर री सॉन्ग गम ने अविश्वसनीय प्रदर्शन किया।
उन्होंने कुल 215 किलोग्राम भार उठाकर न केवल गोल्ड मेडल जीता, बल्कि वर्ल्ड रिकॉर्ड भी बनाया।
सॉन्ग गम ने स्नैच में 94 किलो और क्लीन एंड जर्क में 121 किलो वजन उठाया।
मीराबाई का रणनीतिक फैसला
क्लीन एंड जर्क के दूसरे प्रयास में मीराबाई ने 111 किलोग्राम भार उठाया था।
जब उन्होंने देखा कि साउथ कोरियाई खिलाड़ी उनसे 10 किलो आगे हैं, तो उन्होंने तीसरा प्रयास नहीं किया।
इंडोनेशिया की लुलुक दियाना ने 191 किलोग्राम भार के साथ कांस्य पदक हासिल किया।
एशियन गेम्स में मीराबाई का पहला पदक
यह मीराबाई चानू के करियर का एशियन गेम्स में पहला पदक है।
इससे पहले वह टोक्यो ओलंपिक में सिल्वर मेडल जीत चुकी हैं।
वह वर्ल्ड चैंपियनशिप में एक गोल्ड और दो सिल्वर मेडल भी अपने नाम कर चुकी हैं।
इसके अलावा, मीराबाई कॉमनवेल्थ गेम्स में तीन बार की चैंपियन रही हैं।
भारत की पदक तालिका में इजाफा
मीराबाई के इस पदक के साथ ही भारत के कुल पदकों की संख्या 11 पहुंच गई है।
भारत के पास अब 1 गोल्ड, 5 सिल्वर और 5 ब्रॉन्ज मेडल हो गए हैं।
भारत ने अब तक क्रिकेट में गोल्ड, जबकि शूटिंग और वेटलिफ्टिंग में सिल्वर जीते हैं।
मीराबाई ने स्नैच के पहले प्रयास में 83 किलो, दूसरे में 85 और अंतिम में 87 किलो भार उठाया था।
क्लीन एंड जर्क में उन्होंने पहले प्रयास में 107 किलोग्राम और दूसरे में 111 किलोग्राम वजन उठाया।
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