राजस्थान

एनसीएसटी ने इन सबको जारी किया नोटिस, तीन दिन में मांगा जवाब

desk · 21 अप्रैल 2023, 04:41 दोपहर
एनसीएसटी ने मुख्य सचिव उषा शर्मा, पुलिस महानिदेशक उमेश मिश्रा, जयपुर पुलिस आयुक्त आनंद श्रीवास्तव, कलेक्टर प्रकाश राजपुरोहित और आयुक्त जयपुर हेरिटेज नगर निगम विश्राम मीणा को नोटिस जारी कर तीन दिनों के भीतर कार्रवाई रिपोर्ट मांगी है।

जयपुर | राजधानी जयपुर में रामप्रसाद मीणा सुसाइड केस बड़ा मुद्दा बन गया है। इस मामले को लेकर प्रदेश की राजनीति गरमाई हुई है।

इसी बीच राष्ट्रीय अनुसूचित जनजाति आयोग (एनसीएसटी) ने नोटिस जारी करते हुए राजस्थान के मुख्य सचिव और पुलिस प्रमुख से रामप्रसाद मीणा आत्महत्या मामले पर रिपोर्ट मांगी है।

तीन दिनों में देना होगा नोटिस का जवाब

एनसीएसटी ने मुख्य सचिव उषा शर्मा, पुलिस महानिदेशक उमेश मिश्रा, जयपुर पुलिस आयुक्त आनंद श्रीवास्तव, कलेक्टर प्रकाश राजपुरोहित और आयुक्त जयपुर हेरिटेज नगर निगम विश्राम मीणा को नोटिस जारी कर तीन दिनों के भीतर कार्रवाई रिपोर्ट मांगी है।

नोटिस में कहा गया है कि, ’आयोग ने इस मामले में स्वतः संज्ञान लिया और मामले की जांच/पूछताछ करने का फैसला किया है।

यदि आयोग को निर्धारित समय के भीतर जवाब नहीं मिलता है, तो वह कोर्ट के जरिए उन्हें व्यक्तिगत रूप से पेश होने के लिए समन जारी कर सकता है।

गौरतलब है कि, बीते सोमवार को जयपुर में चांदी की टकसाल इलाके में एक शख्स रामप्रसाद मीणा ने अपने घर के पास एक गोदाम में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली थी।

इससे पहले मीणा ने एक वीडियो नोट भी बनाया था, जिसमें आत्महत्या के लिए गहलोत सरकार के कैबिनेट मंत्री महेश जोशी सहित कई अन्य को दोषी ठहराया था।

क्या कहा था वीडियो में?

रामप्रसाद मीणा ने आत्महत्या करने से पहले बनाए गए वीडियो में आरोप लगाया कि सार्वजनिक स्वास्थ्य इंजीनियरिंग विभाग (पीएचईडी) मंत्री महेश जोशी और अन्य लोगों के कारण उनके परिवार को बहुत परेशानी हुई है। उन्हें उनकी ही जमीन पर मकान नहीं बनाने दिया जा रहा है। 

जिससे वे काफी समय से परेशान हैं और मजबूर होकर ये कदम उठाने जा रहे हैं। हालांकि जोशी ने इन सभी आरोपों को खारिज किया है।

परिवार का पांचवें दिन भी धरना जारी

वहीं दूसरी ओर, मृतक रामप्रसाद मीणा के परिवार के लोग लगातार पांचवें दिन भी धरने पर बैठे हुए हैं। 

परिवार ने अभी तक शव का अंतिम संस्कार नहीं किया है। उनकी मांग है कि - आरोपियों की गिरफ्तारी हो, परिवार को मुआवजा मिले और परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी दी जाए। 

आरोप है कि जोशी के कहने पर रामप्रसाद को एक होटल मालिक व अन्य लोग प्रताड़ित कर रहे थे। रामप्रसाद के परिजनों के मुताबिक आरोपी उसकी जमीन हड़पना चाहता था।

परिवार की शिकायत के आधार पर पुलिस ने मंत्री जोशी और पांच अन्य लोगों के खिलाफ सोमवार रात को मामला दर्ज किया गया था।

← पूरा आर्टिकल पढ़ें (Full Version)