Rajasthan: प्रदेश में सर्वाधिक अवैध खनन बजरी का, खान सचिव ने कहा 15 जनवरी से अभियान चलेगा

प्रदेश में सर्वाधिक अवैध खनन बजरी का, खान सचिव ने कहा 15 जनवरी से अभियान चलेगा
IAS anandhi in meeting about illegal mining in rajasthan
Ad

Highlights

    अतिरिक्त निदेशक विजिलेंस योगेन्द्र सिंह सहवाल ने पीपीटी के माध्यम से रुपरेखा प्रस्तुत की। अतिरिक्त निदेशक माइंस जयपुर बीएस सोढ़ा ने बताया कि सर्वाधिक अवैध गतिविधियां बजरी से संबंधित है, जिस पर प्रभावी कार्यवाही की जानी है।

जयपुर | खान सचिव श्रीमती आनन्दी ने कहा है कि प्रदेश में अवैध खनन, परिवहन और भण्डारण के खिलाफ 15 जनवरी से 31 जनवरी तक विशेष अभियान चलाया जाएगा। अभियान का संचालन खान, राजस्व, पुलिस, परिवहन और वन विभाग द्वारा संयुक्त रुप से संचालित किया जाएगा। अभियान का संचालन जिला कलक्टर के समन्वय से किया जाएगा और जिला कलक्टर के माध्यम से प्रतिदिन प्रगति से अवगत कराया जाएगा।

खान सचिव श्रीमती आनन्दी शनिवार को सचिवालय में आयोजित वर्चुअल बैठक के माध्यम से माइंस विभाग के फील्ड अधिकारियों से रूबरू हो रही थी। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि प्रदेश में अवैध खनन गतिविधियों पर समूल रोक लगाई जानी है।

उन्होंने बताया कि अवैध खनन गतिविधियों के प्रति राज्य सरकार की गंभीरता को इसी से समझा जाना चाहिए कि उन्होंने विभाग की पहली समीक्षा बैठक में ही अवैध खनन गतिविधियों पर सख्त व कारगर कार्यवाही के निर्देश दिए हैं।

मुख्यमंत्री के निर्देशों पर ही विभाग द्वारा अवैध खनन गतिविधियों के खिलाफ पांच विभागों का संयुक्त अभियान चलाने का निर्णय लिया गया है। गौरतलब है कि मुख्य सचिव सुधांश पंत ने भी समीक्षा बैठक के दौरान खनन माफियाओं के खिलाफ सख्त कार्यवाही की आवश्यकता प्रतिपादित की है।

    खान सचिव ने बताया कि प्रदेश में सर्वाधिक अवैध खनन गतिविधियां बजरी और मेसेनरी स्टोन की होती है। इसमें अवैध खनन, परिवहन और भण्डारण शामिल है। उन्होंने स्पष्ट किया कि परस्पर समन्वय सहयोग से अभियान को सफल बनाया जाना है।

    वीसी में निर्देश दिए गए कि विभागीय अधिकारियों द्वारा जिला कलक्टर की अध्यक्षता में अविलंब एसआईटी की बैठक आयोजित करवायी जायें। पांचों विभाग संयुक्त रुप से कार्यवाही करते हुए नियमानुसार सख्त से सख्त कार्रवाई करें और अवैध परिवहन तक ही सीमित ना रह कर अवैध गतिविधियों के स्रोत व स्थान को चिन्हित कर कार्यवाही करें ताकि समस्या को जड़़ से समाप्त किया जा सके। अवैध खनन गतिविधियों वाले प्रभावित जिलों के प्रमुख स्थानों को चिन्हित करने को कहा गया है ताकि ऐसे इलाकों में मशीनरी की जब्ती सहित कठोर कार्यवाही की जा सके। अधिकारियों को साफ निर्देश दिया गया है कि अभियान के दौरान मामूली कार्यवाही सहन नहीं की जाएगी अपितु नियमानुसार सख्त से सख्त कार्यवाही करनी होगी ताकि खनन माफियाओं की कमर तोड़ी जा सके।

    अभियान की नियमित मॉनिटरिंग मुख्यालय उदयपुर व स्वयं खान सचिव स्तर पर की जाएगी। अधिकारियों की जबावदेही तय करने के साथ ही किसी तरह की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। बैठक में अभियान के दौरान की गई कार्यवाही को मीडिया के माध्यम से प्रसारित करने के भी निर्देश दिए गए ताकि अवैध खनन गतिविधि करने वालों पर सरकार की सख्ती का संदेश जा सकें।

    संयुक्त सचिव खान, नीतू बारुपाल ने अभियान के दौरान प्रतिदिन सायं 5 बजे की गई कार्यवाही के सूचना भेजने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री के निर्देशों पर विभाग को खरा उतरना होग।

    अतिरिक्त निदेशक विजिलेंस योगेन्द्र सिंह सहवाल ने पीपीटी के माध्यम से रुपरेखा प्रस्तुत की। अतिरिक्त निदेशक माइंस जयपुर बीएस सोढ़ा ने बताया कि सर्वाधिक अवैध गतिविधियां बजरी से संबंधित है, जिस पर प्रभावी कार्यवाही की जानी है।

Must Read: प्रदेशाध्यक्ष सीपी जोशी पर लोगों ने उतारा गुस्सा, पोस्टर फाड़े, पुतला जलाया 

पढें राज्य खबरें, ताजा हिंदी समाचार (Latest Hindi News) के लिए डाउनलोड करें thinQ360 App.

  • Follow us on :