राजस्थान

बालिका शिक्षा पर सीएम का बड़ा दांव: राजस्थान में बेटियों के लिए खुलेंगे नए रास्ते: सीएम

जोगेन्द्र सिंह शेखावत · 01 मई 2026, 09:56 सुबह
मुख्यमंत्री ने पाली में कन्या महाविद्यालय का किया लोकार्पण, शिक्षा और विकास पर दिया जोर।

पाली | मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा है कि राजस्थान बालिका शिक्षा के क्षेत्र में नई ऊंचाइयों को छू रहा है। सरकार बेटियों को उच्च शिक्षा तक सुलभ अवसर प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है।

पाली में शिक्षा की नई अलख

मुख्यमंत्री गुरुवार को पाली के रोहट में राजेश्वर भगवान आंजणी माता कन्या गुरुकुल संस्थान द्वारा नवनिर्मित कन्या महाविद्यालय के लोकार्पण कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने संस्थान के 10वें स्थापना दिवस पर बधाई दी। उनका मानना है कि किसी भी क्षेत्र का सर्वांगीण विकास तभी संभव है जब वहां के युवाओं को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिले। यह महाविद्यालय इसी दिशा में एक मील का पत्थर साबित होगा। मुख्यमंत्री ने स्थानीय क्षेत्र की जल आवश्यकता को समझते हुए एक बड़ी घोषणा भी की। उन्होंने कहा कि क्षेत्र में पानी की कमी दूर करने के लिए जल्द ही डीपीआर बनवाई जाएगी।

विकास का रोडमैप और प्राथमिकताएं

शर्मा ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की मंशानुरूप राज्य सरकार ने युवाओं और महिलाओं को केंद्र में रखकर विकास का खाका तैयार किया है। इसमें किसान और मजदूर भी शामिल हैं। सरकार के इस रोडमैप में बिजली और पानी जैसे बुनियादी क्षेत्रों को सर्वोच्च प्राथमिकता दी गई है। विभिन्न जल परियोजनाओं पर तेजी से काम चल रहा है ताकि संकट दूर हो सके। राम जल सेतु लिंक परियोजना और देवास परियोजना जैसे प्रोजेक्ट्स को समयबद्ध तरीके से पूरा किया जा रहा है। यमुना जल समझौता और सोम-कमला-अम्बा परियोजनाओं पर भी विशेष ध्यान है।

किसानों को दिन में बिजली का तोहफा

मुख्यमंत्री ने एक महत्वपूर्ण उपलब्धि साझा करते हुए बताया कि प्रदेश के 24 जिलों में किसानों को अब दिन के समय बिजली उपलब्ध करवाई जा रही है। यह एक बड़ा बदलाव है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि वर्ष 2027 तक राजस्थान के सभी जिलों में किसानों को दिन में बिजली मिलने लगेगी। इससे उनकी कार्यक्षमता बढ़ेगी और जीवन स्तर में भी काफी सुधार आएगा।

रोजगार के नए अवसर और भर्ती कैलेंडर

राज्य सरकार युवाओं के भविष्य को लेकर बेहद गंभीर है। मुख्यमंत्री ने बताया कि निजी क्षेत्र में 6 लाख और सरकारी क्षेत्र में 4 लाख रोजगार देने का लक्ष्य रखा गया है। अब तक लगभग 1 लाख 25 हजार सरकारी पदों पर नियुक्तियां दी जा चुकी हैं। इसके अलावा, 1 लाख 33 हजार पदों पर भर्ती की प्रक्रिया वर्तमान में तेजी से चल रही है। युवाओं की सुविधा के लिए सवा लाख पदों का भर्ती कैलेंडर भी जारी कर दिया गया है। इससे परीक्षार्थियों को अपनी तैयारी की योजना बनाने में काफी आसानी होगी और पारदर्शिता रहेगी।

पेपरलीक पर लगाम और पारदर्शिता

पिछली सरकार के कार्यकाल में हुए पेपरलीक मामलों पर कटाक्ष करते हुए शर्मा ने कहा कि हमारी सरकार में एक भी पेपर लीक नहीं हुआ है। हमने युवाओं का भरोसा जीता है। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि उनकी सरकार युवाओं के सपनों को टूटने नहीं देगी। भर्ती परीक्षाओं में पूरी पारदर्शिता और सुरक्षा सुनिश्चित करना सरकार की पहली प्राथमिकता बनी हुई है।

केंद्र और राज्य का साझा प्रयास

प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण के लिए कई प्रभावी योजनाएं बनाई गई हैं। बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ अभियान से बालिका लिंगानुपात में सुधार आया है। उज्ज्वला योजना के तहत मुफ्त रसोई गैस कनेक्शन और स्वच्छ भारत मिशन के तहत शौचालयों का निर्माण महिलाओं की गरिमा के लिए किया गया है। जल जीवन मिशन भी वरदान बना है। हमारी सरकार युवा, महिला, किसान और मजदूर के उत्थान को केंद्र में रखकर विकास का रोडमैप बना रही है और इसे धरातल पर उतारने के लिए हम पूरी तरह समर्पित हैं।

ग्राम-2026 और कृषि विकास

मुख्यमंत्री ने आगामी ग्लोबल राजस्थान एग्रीटेक मीट (ग्राम)- 2026 के बारे में भी जानकारी दी। इसका आयोजन जयपुर में 23 से 25 मई 2026 को किया जाएगा। इस भव्य आयोजन में देश-विदेश के कृषि विशेषज्ञ, वैज्ञानिक और बड़े निवेशक हिस्सा लेंगे। मुख्यमंत्री ने किसानों और पशुपालकों को इसमें अधिक से अधिक संख्या में शामिल होने का निमंत्रण दिया।

शिक्षा के क्षेत्र में ऐतिहासिक उपलब्धियां

ढाई साल के कार्यकाल में सरकार ने 71 नए राजकीय महाविद्यालय खोले हैं। साथ ही, 185 नए महाविद्यालय भवनों का लोकार्पण भी किया गया है, जो एक रिकॉर्ड है। पूर्ववर्ती सरकार की तुलना करते हुए उन्होंने बताया कि पिछले 5 सालों में केवल 57 भवन ही बन पाए थे। वर्तमान सरकार ने शिक्षा के बुनियादी ढांचे पर भारी निवेश किया है।

छात्राओं को प्रोत्साहन और अनुदान

विश्वविद्यालयों और महाविद्यालयों के जीर्णाेद्धार के लिए 125 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं। पीजी और यूजी स्तर पर कई नए विषय भी शुरू किए गए हैं ताकि छात्रों को विकल्प मिलें। प्रधानमंत्री उच्चतर शिक्षा अभियान के तहत राज्य को 330 करोड़ रुपये का अनुदान मिला है। मेधावी छात्राओं के बीच 43 हजार से अधिक स्कूटियों का वितरण भी किया जा चुका है। समारोह में गुजरात विधानसभा अध्यक्ष शंकर भाई चौधरी और राज्यसभा सांसद मदन राठौड़ ने भी विचार व्यक्त किए। उन्होंने बालिका शिक्षा की दिशा में संस्थान के प्रयासों की सराहना की। लोकार्पण के बाद मुख्यमंत्री ने आंजणी माता मंदिर में दर्शन किए और प्रदेश की खुशहाली के लिए प्रार्थना की। उन्होंने गुरुकुल की छात्राओं से संवाद कर उनका उत्साहवर्धन भी किया। यह आयोजन न केवल एक भवन का लोकार्पण था, बल्कि राजस्थान में महिला सशक्तिकरण और शैक्षिक क्रांति की दिशा में एक सशक्त कदम के रूप में देखा जा रहा है। इस कार्यक्रम में प्रदेश के कई मंत्री, सांसद और विधायक भी उपस्थित रहे। मुख्यमंत्री के संबोधन ने स्थानीय जनता और युवाओं में विकास के प्रति एक नया विश्वास जगाया है।

*Edit with Google AI Studio

← पूरा आर्टिकल पढ़ें (Full Version)