जयपुर | राजस्थान के कोटा शहर में अब रसोई गैस सिलेंडर के लिए लंबी प्रतीक्षा का समय खत्म होने वाला है। राजस्थान स्टेट गैस (RSGL) ने पाइपलाइन से घरों तक गैस पहुंचाने के अपने अभियान में बड़ी तेजी लाने का फैसला किया है।
कनेक्शनों की रफ्तार में 4 गुना बढ़ोतरी
आरएसजीएल के नए प्रबंध निदेशक विनय पाटनी ने पदभार संभालते ही कड़े निर्देश दिए हैं। उन्होंने कोटा में पाइपलाइन गैस कनेक्शनों की संख्या में तीन से चार गुना बढ़ोतरी करने का लक्ष्य रखा है।
प्रतिदिन 200 घरों को जोड़ने का लक्ष्य
अभी कोटा में औसतन 50 से 60 डीपीएनजी कनेक्शन प्रतिदिन दिए जा रहे हैं। एमडी पाटनी ने इसे बढ़ाकर 150 से 200 तक ले जाने को कहा है, ताकि आधारभूत ढांचा विकसित हो सके।
सस्ती और सुरक्षित है पाइपलाइन गैस
उन्होंने कोटावासियों से अपील की है कि वे एलपीजी के बजाय डीपीएनजी को प्राथमिकता दें। यह सुविधा सस्ती, सुरक्षित, और 24x7 उपलब्ध रहने वाली हरित ऊर्जा का बेहतरीन विकल्प है।
होटल और उद्योगों पर भी विशेष फोकस
एमडी ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि वे केवल घरों तक सीमित न रहें। होटल, ढाबे और रेस्टोरेंट जैसे व्यावसायिक प्रतिष्ठानों को भी इस पाइपलाइन नेटवर्क से तेजी से जोड़ा जाए।
औद्योगिक क्षेत्रों में चलेगा विशेष अभियान
औद्योगिक इकाइयों में उद्यमियों को पीएनजी कनेक्शन के लिए प्रेरित करने के लिए विशेष अभियान चलाया जाएगा। इससे औद्योगिक प्रदूषण कम होगा और लागत में भी कमी आएगी।
उपभोक्ताओं के लिए आकर्षक ऑफर्स
नए कनेक्शन लेने वाले ग्राहकों को आकर्षित करने के लिए आरएसजीएल कई तरह के प्रोत्साहन भी दे रहा है। इससे उपभोक्ताओं को आर्थिक लाभ के साथ-साथ सुविधा भी मिलेगी।
जागरूकता के लिए फील्ड में टीमें
कोटा के उपमहाप्रबंधक सीपी चौधरी ने बताया कि जनता को जागरूक करने के लिए अवेयरनेस प्रोग्राम शुरू किए गए हैं। वीसी में जयपुर, नीमराणा और ग्वालियर के अधिकारी भी शामिल रहे।