जोधपुर | केंद्रीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने जोधपुर में पूर्व उपराष्ट्रपति स्वर्गीय भैरोंसिंह शेखावत की भव्य प्रतिमा का अनावरण किया। इस ऐतिहासिक अवसर पर मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा सहित कई दिग्गज नेता उपस्थित रहे।
लोकतांत्रिक मूल्यों के प्रतीक थे भैरोंसिंह शेखावत
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने संबोधित करते हुए कहा कि पूर्व उपराष्ट्रपति स्वर्गीय भैरोंसिंह शेखावत लोकतांत्रिक मूल्यों के जीवंत प्रतीक थे। उनका पूरा जीवन जनसेवा और राष्ट्र निर्माण के प्रति समर्पित रहा।
उन्होंने कहा कि शेखावत जी का सपना था कि राजस्थान के हर घर में खुशहाली आए। वे चाहते थे कि समाज के हर व्यक्ति को सम्मानपूर्वक जीवन जीने का अधिकार मिले।
राजनाथ सिंह ने जोर देकर कहा कि आज भारत की वैश्विक प्रतिष्ठा प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में बढ़ रही है। पूरा विश्व आज भारत की शक्ति को स्वीकार कर रहा है।
स्वर्गीय शेखावत ने राजनीति में शुचिता और पारदर्शिता को सर्वोच्च प्राथमिकता दी थी। एक साधारण किसान परिवार से उपराष्ट्रपति पद तक पहुंचना उनकी मेहनत का प्रमाण है।
एक राष्ट्र एक चुनाव की दूरदर्शी सोच
रक्षा मंत्री ने याद दिलाया कि भारतीय राजनीति में ‘एक राष्ट्र, एक चुनाव’ की नींव बहुत पहले भैरोंसिंह शेखावत ने ही रखी थी। वे इसके प्रबल समर्थक थे।
उनका मानना था कि लोकसभा और विधानसभाओं के चुनाव एक साथ होने चाहिए। इससे देश के समय और धन दोनों की भारी बचत होगी और विकास निरंतर चलेगा।
आज प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में यह विचार एक राष्ट्रीय चर्चा का विषय बन चुका है। यह शेखावत जी की दूरदर्शिता का ही परिणाम है कि आज हम इस पर बढ़ रहे हैं।
आपातकाल के कठिन दौर में भी वे लोकतंत्र के प्रति अडिग रहे। उन्होंने कभी अपने सिद्धांतों से समझौता नहीं किया और सदैव लोकतंत्र के सच्चे सिपाही बने रहे।
भजनलाल शर्मा की कार्यशैली की सराहना
राजनाथ सिंह ने राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की कार्यशैली की जमकर सराहना की। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री अंत्योदय के मार्ग पर चलते हुए गांवों तक पहुंच रहे हैं।
मुख्यमंत्री सीधे आमजन से संवाद कर रहे हैं और प्रदेश के विकास को नए आयाम दे रहे हैं। राजस्थान शिक्षा और स्वास्थ्य के क्षेत्र में तेजी से बढ़ रहा है।
रक्षा मंत्री ने विश्वास व्यक्त किया कि भविष्य में भजनलाल शर्मा एक अत्यंत सफल मुख्यमंत्री के रूप में पहचाने जाएंगे। उनकी सरकार हर क्षेत्र में बेहतरीन कार्य कर रही है।
कृषि, उद्योग और आधारभूत सुविधाओं के विकास में राजस्थान ने पिछले दो वर्षों में लंबी छलांग लगाई है। यह प्रगति स्वर्गीय शेखावत के सपनों का राजस्थान बना रही है।
जल जीवन मिशन में राजस्थान की उपलब्धि
समारोह के दौरान ग्रामीण विकास पर भी चर्चा हुई। राजनाथ सिंह ने बताया कि वर्ष 2019 में केवल 11.68 लाख घरों तक नल से जल पहुंचता था।
मार्च 2025 तक यह संख्या बढ़कर 60 लाख से अधिक ग्रामीण परिवारों तक पहुंच गई है। यह ग्रामीण जीवन में एक क्रांतिकारी और सकारात्मक परिवर्तन लेकर आया है।
स्वच्छ पेयजल की आपूर्ति सुनिश्चित करना सरकार की प्राथमिकता रही है। इससे महिलाओं के जीवन स्तर में सुधार हुआ है और बीमारियों में कमी आई है।
प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में हर घर नल योजना ने राजस्थान के रेगिस्तानी इलाकों में जीवन को आसान बना दिया है। यह विकास की एक बड़ी कड़ी है।
अटल बिहारी वाजपेयी और शेखावत की जोड़ी
रक्षा मंत्री ने पूर्व प्रधानमंत्री स्व. अटल बिहारी वाजपेयी और स्व. भैरोंसिंह शेखावत के संबंधों को याद किया। उन्होंने कहा कि दोनों ने राजनीति को संवाद की दिशा दी।
अटल जी ने शेखावत जी के बारे में कहा था कि मिट्टी से उठकर यह माटी का पुत्र आज पूरे देश के माथे का चंदन बन गया है।
वर्ष 1998 के पोकरण परमाणु परीक्षण का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि राजस्थान की वीर भूमि से ही भारत ने अपनी सामरिक शक्ति का लोहा मनवाया था।
उस समय अटल जी प्रधानमंत्री थे और भैरोंसिंह शेखावत राजस्थान के मुख्यमंत्री थे। उस गौरवशाली क्षण को देश कभी नहीं भूल सकता। राजस्थान हमेशा से वीरों की भूमि रही है।
मुख्यमंत्री का संबोधन: अंत्योदय का संकल्प
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि स्वर्गीय भैरोंसिंह शेखावत लोकतांत्रिक मर्यादाओं के प्रहरी थे। वे वंचितों की आवाज थे और नैतिक मूल्यों के प्रतीक के रूप में जाने जाते थे।
उन्होंने सदैव गरीब और किसान के कल्याण के लिए कार्य किया। पं. दीनदयाल उपाध्याय के अंत्योदय दर्शन को उन्होंने धरातल पर उतारने का साहसिक कार्य किया था।
"राजनीति का उद्देश्य केवल शासन करना नहीं, बल्कि समाज के अंतिम व्यक्ति के जीवन में आशा और सम्मान लाना होना चाहिए।"
मुख्यमंत्री ने कहा कि शेखावत जी ने प्रशासनिक पारदर्शिता और वित्तीय अनुशासन के क्षेत्र में कई दूरगामी निर्णय लिए। उन्होंने राजनीति को समाजसेवा का पवित्र माध्यम माना।
उनका सरल स्वभाव और सहजता उन्हें सभी का प्रिय बनाती थी। बड़े पदों पर रहने के बाद भी वे हमेशा एक सामान्य नागरिक की तरह मिलते थे।
विकास का स्वर्णिम अध्याय और वर्तमान प्रयास
मुख्यमंत्री ने कहा कि स्वर्गीय शेखावत का कार्यकाल प्रदेश के विकास का स्वर्णिम अध्याय था। उन्होंने विकास का जो पौधा लगाया था, आज वह वटवृक्ष बन चुका है।
वर्तमान सरकार ने पिछले ढाई वर्षों में किसान, महिला और युवाओं के लिए कई महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं। किसानों को ब्याज मुक्त ऋण उपलब्ध कराया जा रहा है।
पीएम कुसुम योजना के तहत हजारों सोलर पंप लगाए गए हैं। कृषि कनेक्शन जारी करने की प्रक्रिया में भी तेजी लाई गई है ताकि किसानों को लाभ मिले।
सरकार ने 78 लाख किसानों को संबल प्रदान किया है। हमारा लक्ष्य है कि राजस्थान का किसान आत्मनिर्भर बने और उसे अपनी उपज का सही मूल्य मिले।
महिला सशक्तीकरण और शिक्षा पर जोर
महिला सशक्तीकरण की दिशा में लाडो प्रोत्साहन योजना और प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना प्रभावी ढंग से संचालित की जा रही हैं। इससे महिलाओं को आर्थिक सुरक्षा मिली है।
छात्राओं को स्कूटी और साइकिल वितरण के माध्यम से शिक्षा के प्रति प्रोत्साहित किया जा रहा है। लखपति दीदी योजना के तहत लाखों महिलाओं को प्रशिक्षण दिया जा रहा है।
मुख्यमंत्री ने बताया कि 21 लाख से अधिक महिलाओं को इस योजना से जोड़ा गया है। इससे ग्रामीण अर्थव्यवस्था में महिलाओं की भागीदारी बढ़ रही है और वे सशक्त हो रही हैं।
शिक्षा के क्षेत्र में बुनियादी ढांचे को मजबूत किया जा रहा है। सरकारी स्कूलों में सुविधाओं का विस्तार किया जा रहा है ताकि हर बच्चे को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिले।
युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर
मुख्यमंत्री ने युवाओं के भविष्य को लेकर सरकार के संकल्प को दोहराया। उन्होंने कहा कि 4 लाख सरकारी नौकरियां देने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
निजी क्षेत्र में भी 6 लाख रोजगार के अवसर पैदा किए जाएंगे। अब तक सवा लाख युवाओं को सरकारी नौकरियों के नियुक्ति पत्र दिए जा चुके हैं।
भर्ती प्रक्रियाओं में पारदर्शिता लाने के लिए कड़े कदम उठाए गए हैं। इस वर्ष के लिए भी सवा लाख भर्तियों का कैलेंडर जारी कर दिया गया है।
युवाओं को कौशल विकास के माध्यम से आत्मनिर्भर बनाने के प्रयास किए जा रहे हैं। स्वरोजगार के लिए ऋण योजनाओं को और अधिक सरल बनाया गया है।
गजेन्द्र सिंह शेखावत और अन्य नेताओं के विचार
केंद्रीय मंत्री गजेन्द्र सिंह शेखावत ने स्वर्गीय भैरोंसिंह शेखावत को राजस्थान की अद्वितीय विभूति बताया। उन्होंने कहा कि शेखावत जी का जीवन कठोर परिश्रम की मिसाल है।
उन्होंने समाज और राष्ट्र को सुशासन की नई दिशा दी। उनके प्रेरक संस्मरण आज की युवा पीढ़ी के लिए ऊर्जा और आदर्श का अक्षय स्रोत हैं।
सांसद मदन राठौड़ ने कहा कि राज्य सरकार का प्रत्येक प्रतिनिधि राजस्थान को विकास की नई ऊंचाइयों पर ले जाने के लिए पूर्ण समर्पण के साथ कार्य कर रहा है।
समारोह में संसदीय कार्य मंत्री जोगाराम पटेल, शिक्षा मंत्री मदन दिलावर और कई अन्य विधायक एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। सभी ने शेखावत जी को श्रद्धांजलि दी।
निष्कर्ष और प्रभाव
जोधपुर में आयोजित यह मूर्ति अनावरण समारोह केवल एक स्मारक का उद्घाटन नहीं था, बल्कि यह स्वर्गीय भैरोंसिंह शेखावत के आदर्शों को पुनः जीवित करने का अवसर था।
उनकी प्रतिमा आने वाली पीढ़ियों को ईमानदारी और राष्ट्रहित के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देती रहेगी। राजस्थान का विकास उनके दिखाए मार्ग पर ही संभव है।
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