राजस्थान

सिरोही निकाय चुनाव में उलटफेर: कांग्रेस प्रत्याशी का नामांकन खारिज, BJP ने की थी शिकायत

गणपत सिंह मांडोली · 01 सितम्बर 2026, 11:16 रात
सिरोही नगर परिषद चुनाव में कांग्रेस को बड़ा झटका लगा है। वार्ड 10 से प्रत्याशी सुंदर देवी का नामांकन नो-ड्यूज और अतिक्रमण मामले में आपत्ति के बाद रद्द कर दिया गया है।

सिरोही | नगरीय निकाय चुनाव के बीच सिरोही से एक बड़ी खबर सामने आई है, जहां चुनावी समीकरणों में बड़ा उलटफेर देखने को मिला है। सिरोही नगर परिषद के वार्ड नंबर 10 में कांग्रेस प्रत्याशी सुंदर देवी का नामांकन पत्र रिटर्निंग अधिकारी ने खारिज कर दिया है।

इस कार्रवाई के बाद स्थानीय राजनीति गरमा गई है और कांग्रेस के सामने एक नई चुनौती खड़ी हो गई है।

भाजपा ने दर्ज कराई थी आपत्ति

जानकारी के अनुसार, कांग्रेस प्रत्याशी सुंदर देवी के नामांकन पर भाजपा प्रत्याशी की ओर से आपत्ति दर्ज कराई गई थी। यह आपत्ति रिटर्निंग अधिकारी परमजीत सिंह के समक्ष प्रस्तुत की गई।

आपत्ति में मुख्य रूप से नगर परिषद के नो-ड्यूज और अतिक्रमण से जुड़े मामलों का हवाला दिया गया था, जिसे आधार बनाकर नामांकन रद्द करने की मांग की गई थी।

कांग्रेस ने दी ये दलीलें

आपत्ति पर हुई सुनवाई के दौरान कांग्रेस की ओर से नेता दशरथ नरूका सहित कई अधिवक्ताओं ने सुंदर देवी का पक्ष रखा। कांग्रेस ने तर्क दिया कि नगर परिषद द्वारा प्रत्याशी को पहले ही नो-ड्यूज प्रमाण-पत्र जारी किया जा चुका है।

कांग्रेस ने कहा कि ऐसे में अदेयता को आधार बनाकर नामांकन खारिज करना उचित नहीं है। वहीं, अतिक्रमण को लेकर जारी नोटिस पर भी कांग्रेस ने सवाल उठाए और इसे नियमों के विरुद्ध बताया।

राजनीतिक द्वेष का आरोप

कांग्रेस नेता दशरथ नरूका ने आरोप लगाया कि 31 अगस्त को अतिक्रमण को लेकर जारी किया गया नोटिस पूरी तरह से राजनीतिक द्वेष से प्रेरित है।

कांग्रेस की ओर से सुनवाई के दौरान रिटर्निंग अधिकारी के समक्ष अपने तर्क और संबंधित दस्तावेज भी प्रस्तुत किए गए, लेकिन इन तर्कों को स्वीकार नहीं किया गया।

रिटर्निंग अधिकारी का अंतिम फैसला

दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद रिटर्निंग अधिकारी परमजीत सिंह ने अपना फैसला सुनाया। उन्होंने वार्ड नंबर 10 से कांग्रेस प्रत्याशी सुंदर देवी का नामांकन निरस्त कर दिया।

नामांकन खारिज होने के बाद कांग्रेस के सामने वार्ड नंबर 10 में चुनावी रणनीति को लेकर नया संकट खड़ा हो गया है। अब यह देखना होगा कि इस मामले में कांग्रेस अगला क्या कदम उठाती है।

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