जयपुर | राजस्थान के कृषि मंत्री डॉ. किरोड़ी लाल मीणा ने किसानों के हितों की रक्षा के लिए एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। शनिवार को उन्होंने जयपुर के विश्वकर्मा औद्योगिक क्षेत्र (VKI) में कई उर्वरक निर्माण इकाइयों पर औचक छापेमारी की, जिससे कृषि माफियाओं में हड़कंप मच गया।
जयपुर: नमक से बन रहा था पोटाश, कृषि मंत्री का बड़ा छापा
कृषि मंत्री किरोड़ी लाल मीणा की VKI में बड़ी कार्रवाई, नमक के कचरे से बन रहा था नकली पोटाश, तीन फैक्ट्रियां सीज।
HIGHLIGHTS
- कृषि मंत्री किरोड़ी लाल मीणा का जयपुर के VKI क्षेत्र में औचक निरीक्षण।
- नमक के कचरे से नकली 'म्यूरेट ऑफ पोटाश' बनाने का हुआ भंडाफोड़।
- तीन बड़ी इकाइयों में मिलीं गंभीर अनियमितताएं, अवैध स्टॉक जब्त किया गया।
- मंत्री ने मिलावटखोरों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई के निर्देश दिए।
संबंधित खबरें
इस कार्रवाई के दौरान तीन बड़ी फैक्ट्रियों में गंभीर अनियमितताएं पाई गईं। यहां प्रतिबंधित कृषि रसायनों का अवैध निर्माण और किसानों के साथ बड़े पैमाने पर धोखाधड़ी का खुलासा हुआ है।
नमक के कचरे से बन रहा था नकली पोटाश
छापेमारी का सबसे चौंकाने वाला मामला 'नंदी फर्टिलाइजर्स' नामक इकाई में सामने आया। जांच टीम ने पाया कि यहां साधारण नमक के कचरे को प्रोसेस किया जा रहा था।
इस कचरे में हानिकारक रसायन और रंग मिलाकर हूबहू असली जैसा दिखने वाला 'म्यूरेट ऑफ पोटाश' (MOP) तैयार किया जा रहा था। यह नकली खाद ब्रांडेड बोरियों में पैक होकर बाजारों में भेजी जा रही थी, जो भूमि की उर्वरता को नष्ट कर सकती है।
संबंधित खबरें
इन 3 फैक्ट्रियों पर हुई कार्रवाई
कृषि मंत्री की इस कार्रवाई में कुल तीन इकाइयां अवैध गतिविधियों में सीधे तौर पर लिप्त पाई गईं।
नंदी फर्टिलाइजर्स: यहां नमक के अपशिष्ट से भारी मात्रा में नकली पोटाश का अवैध निर्माण और पैकेजिंग हो रही थी।
समृद्धि सर्विसेज: इस कंपनी के गोदाम पर बिना लाइसेंस के प्रतिबंधित 'बायो स्टीमुलेंट' का बड़ा स्टॉक मिला, जिसकी बिक्री पर राज्य में रोक है।
चित्तारी एग्री केयर: इस इकाई से भी अवैध बायो स्टीमुलेंट और अन्य गैर-मानक कृषि उत्पादों का बड़ा जखीरा बरामद हुआ।
किसानों से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं: कृषि मंत्री
कार्रवाई के बाद कृषि मंत्री डॉ. किरोड़ी लाल मीणा ने मिलावटखोरों को कड़ा संदेश दिया।
"जयपुर के वीकेआई क्षेत्र में औचक निरीक्षण के दौरान नकली पोटाश, अवैध बायो-स्टिमुलेंट पाए गए हैं। नमक के अपशिष्ट से निर्मित पोटाश हमारे अन्नदाता किसानों के साथ सरासर धोखेबाजी है। कृषकों की आजीविका के साथ इस प्रकार का खिलवाड़ स्वीकार्य नहीं है।"
मंत्री ने बताया कि सभी अवैध उत्पादों की बिक्री पर तत्काल रोक लगा दी गई है और तीनों इकाइयों को सीज कर दिया गया है। उन्होंने अधिकारियों को नमूने जांचने और दोषियों के खिलाफ FIR दर्ज कर कठोरतम कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं।
*Edit with Google AI Studio