जयपुर | राजस्थान आबकारी विभाग ने प्रदेश में अवैध शराब के खिलाफ एक बड़ा अभियान छेड़ रखा है। आबकारी आयुक्त नमित मेहता के निर्देश पर विभाग की टीमों ने प्रदेश के विभिन्न जिलों में ताबड़तोड़ छापेमारी की है। इस कार्रवाई का मुख्य उद्देश्य अवैध मदिरा निर्माण और परिवहन पर पूरी तरह लगाम लगाना है।
राजस्थान में अवैध शराब पर बड़ा एक्शन: राजस्थान में अवैध शराब के खिलाफ बड़ा एक्शन, 22 हजार लीटर नष्ट
आबकारी विभाग ने प्रदेशभर में छापेमारी कर हजारों लीटर अवैध शराब और वॉश को किया नष्ट।
HIGHLIGHTS
- प्रदेश में अवैध शराब के खिलाफ आबकारी विभाग ने विशेष अभियान चलाया है।
- छापेमारी के दौरान अब तक कुल 22,410 लीटर वॉश को नष्ट किया गया है।
- विभिन्न जिलों में 73 अभियोग दर्ज कर 12 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया।
- आबकारी आयुक्त नमित मेहता के निर्देश पर जीरो टॉलरेंस की नीति लागू है।
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जालोर और श्रीगंगानगर में बड़ी बरामदगी
जालोर जिले में ईपीएफ की टीम ने बड़ी सफलता हासिल की है। बड़गांव से बापला रोड पर नाकाबंदी के दौरान एक मारुति कार की तलाशी ली गई। टीम ने अन्य राज्य की 24 कार्टन और देसी मदिरा के 14 कार्टन बरामद किए हैं।
श्रीगंगानगर के श्रीकरणपुर और सूरतगढ़ इलाकों में भी आबकारी दल ने दबिश दी। यहां टीम ने 400 लीटर वॉश और दो पुरानी भट्टियां मौके पर ही नष्ट कर दीं। विभाग अवैध शराब के पूरे नेटवर्क को ध्वस्त करने में जुटा हुआ है।
हनुमानगढ़ और अलवर में भट्टियां नष्ट
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हनुमानगढ़ के मक्कासर और अमरपुरा क्षेत्रों में आबकारी विभाग ने कड़ा रुख अपनाया है। यहां 2400 लीटर वॉश के साथ 6 कच्ची भट्टियां नष्ट की गईं। विभाग ने इस मामले में दो अलग-अलग अभियोग दर्ज किए हैं।
अलवर के रामगढ़ और राजगढ़ इलाकों में ईपीएफ दल ने करीब 2 हजार लीटर वॉश नष्ट किया। अवैध शराब बनाने के उपकरणों को भी मौके पर ही तोड़ दिया गया। विभाग की इस कार्रवाई से शराब माफियाओं में हड़कंप मचा है।
"प्रदेश में अवैध मदिरा के निर्माण, भंडारण और परिवहन पर पूरी तरह रोक लगाने के लिए जीरो टॉलरेंस की नीति पर काम किया जा रहा है।" - आबकारी विभाग राजस्थान
भरतपुर और मेवाड़ में छापेमारी
भरतपुर के डीग क्षेत्र के सीकरी पहाड़ी और कामां में छापेमारी की गई। यहां 182 पव्वे और 107 बीयर की बोतलें जब्त की गई हैं। हालांकि आरोपी मौके से फरार होने में सफल रहा, जिसकी तलाश जारी है।
उदयपुर के खेरवाड़ा और नागौर के मेड़ता सिटी में भी ईपीएफ दल ने कार्रवाई की। यहां 1500 लीटर महुआ वॉश और अवैध हथकड़ शराब बरामद कर नष्ट की गई। विभाग की टीमें हर संदिग्ध ठिकाने पर नजर रख रही हैं।
बांसवाड़ा और पाली में सख्त कदम
बांसवाड़ा और कुशलगढ़ में 3 हजार लीटर वॉश और 55 बोतल हथकड़ शराब जब्त की गई। टीम ने शराब बनाने के उपकरण भी अपने कब्जे में ले लिए हैं। यहां कुल 5 मामले दर्ज किए गए हैं।
पाली में आबकारी निरोधक दल ने 1 हजार लीटर वॉश और 3 पुरानी भट्टियां नष्ट की। यहां भी अवैध हथकड़ शराब बरामद कर कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। गश्त और नाकाबंदी को और कड़ा किया गया है।
अभियान के चौंकाने वाले आंकड़े
इस विशेष अभियान के तहत अब तक कुल 73 अभियोग दर्ज किए जा चुके हैं। विभाग ने 22,410 लीटर वॉश और सैकड़ों लीटर अलग-अलग प्रकार की शराब जब्त की है। यह अभियान लगातार जारी रहने वाला है।
कार्रवाई के दौरान 12 लोगों को गिरफ्तार किया गया है और दो वाहन भी जब्त किए गए हैं। प्रदेश के सभी जिलों में सघन गश्त और नाकाबंदी की जा रही है। आबकारी विभाग की टीमें दिन-रात सक्रिय मोड पर हैं।
आबकारी विभाग की इस सक्रियता से अवैध शराब माफियाओं में भारी डर व्याप्त है। जीरो टॉलरेंस की यह नीति प्रदेश में अवैध शराब के कारोबार को जड़ से खत्म करने के उद्देश्य से लागू की गई है।
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