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राजस्थान

राजस्थान स्वास्थ्य विभाग में बड़ी भर्ती: राजस्थान में 20 हजार स्वास्थ्यकर्मियों की होगी भर्ती, चिकित्सा मंत्री गजेंद्र सिंह खींवसर ने डूंगरपुर में किया बड़ा ऐलान

मानवेन्द्र जैतावत मानवेन्द्र जैतावत

राजस्थान के चिकित्सा मंत्री ने डूंगरपुर अस्पताल का निरीक्षण कर 20 हजार नई भर्तियों के संकेत दिए हैं। साथ ही उन्होंने क्रिटिकल केयर यूनिट के कार्य में तेजी लाने के निर्देश भी दिए।

HIGHLIGHTS

  • राजस्थान में जल्द ही 20 हजार स्वास्थ्यकर्मियों की भर्ती प्रक्रिया शुरू होने के संकेत मिले हैं।
  • चिकित्सा मंत्री गजेंद्र सिंह खींवसर ने डूंगरपुर के हरिदेव जोशी अस्पताल का औचक निरीक्षण किया।
  • क्रिटिकल केयर यूनिट और नई ओपीडी बिल्डिंग के निर्माण कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए गए।
  • संविदा और यूटीबी कर्मियों ने स्थायीकरण और वेतन विसंगतियों को लेकर मंत्री को ज्ञापन सौंपा।
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डूंगरपुर | राजस्थान के चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री गजेंद्र सिंह खींवसर ने प्रदेश की स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करने और रिक्त पदों को भरने की दिशा में एक बड़ा बयान दिया है। डूंगरपुर जिले के अपने हालिया दौरे के दौरान उन्होंने अस्पताल की व्यवस्थाओं को सुधारने के लिए कड़े निर्देश जारी किए हैं।

अस्पताल का औचक निरीक्षण

मंत्री खींवसर ने डूंगरपुर के हरिदेव जोशी सामान्य चिकित्सालय पहुंचकर वहां चल रहे विभिन्न विकास कार्यों का गहनता से जायजा लिया। उन्होंने विशेष रूप से निर्माणाधीन क्रिटिकल केयर यूनिट और अस्पताल परिसर में बन रहे फूड कोर्ट का निरीक्षण किया।मंत्री ने क्रिटिकल केयर यूनिट को जिले के लिए एक बड़ी सौगात बताया। उन्होंने संबंधित अधिकारियों और ठेकेदारों को स्पष्ट निर्देश दिए कि निर्माण कार्य में किसी भी प्रकार की देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी और इसे जल्द पूरा किया जाए।

20 हजार पदों पर भर्ती की योजना

प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने के लिए सरकार ने 20,000 स्वास्थ्यकर्मियों की भर्ती का खाका तैयार किया है। मंत्री ने मीडिया से बातचीत में संकेत दिए कि इन भर्तियों से चिकित्सा क्षेत्र में जनशक्ति की कमी दूर होगी।इस भर्ती अभियान में नर्सिंग स्टाफ, पैरामेडिकल कर्मी और अन्य तकनीकी पदों को शामिल किया जाएगा। इससे न केवल बेरोजगार युवाओं को सरकारी नौकरी मिलेगी, बल्कि दूरदराज के क्षेत्रों में मरीजों को बेहतर इलाज भी मिल सकेगा।

संविदा कर्मियों ने सौंपा ज्ञापन

निरीक्षण के दौरान अस्पताल में कार्यरत संविदा नर्सिंगकर्मियों और यूटीबी आधारित कर्मचारियों ने मंत्री से मुलाकात की। कर्मचारियों ने अपनी पुरानी मांगों, विशेषकर स्थायीकरण और वेतन विसंगतियों को लेकर एक विस्तृत ज्ञापन सौंपा।मंत्री खींवसर ने कर्मचारियों की समस्याओं को ध्यानपूर्वक सुना और उन्हें भरोसा दिलाया कि सरकार उनकी मांगों पर सहानुभूतिपूर्वक विचार कर रही है। उन्होंने कहा कि कर्मचारियों के हितों की रक्षा करना सरकार की प्राथमिकता है।

बुनियादी ढांचे का आधुनिकीकरण

मंत्री ने अस्पताल की नई ओपीडी बिल्डिंग के निर्माण और मौजूदा सुविधाओं के विस्तार पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि आधुनिक मशीनों और बेहतर बुनियादी ढांचे से ही आमजन को उच्च गुणवत्ता वाली चिकित्सा सेवाएं मिल सकेंगी।इस दौरान जिला कलेक्टर अंकित कुमार सिंह, अस्पताल अधीक्षक डॉ. महेंद्र डामोर और सीएमएचओ डॉ. अलंकार गुप्ता सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। मंत्री ने स्वास्थ्य विभाग की पूरी टीम को समर्पण भाव से कार्य करने का आह्वान किया। इस कदम से प्रदेश की स्वास्थ्य व्यवस्था में क्रांतिकारी बदलाव आने की उम्मीद है।

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