दिल्ली | भारत और अमेरिका के बीच द्विपक्षीय त्रि-सेवा मानवीय सहायता और आपदा राहत (एचएडीआर) अभ्यास, टाइगर ट्रायम्फ 2024 का समापन समारोह सम्पन्न हुआ। इसका आयोजन अमेरिकी नौसेना के सैन एंटोनियो श्रेणी की परिवहन गोदी-समरसेट पर आयोजित किया गया। यह अभ्यास दोनों देशों के बीच सुदृढ़ रणनीतिक साझेदारी का प्रतीक है। इसका उद्देश्य बहुराष्ट्रीय मानवीय सहायता और आपदा राहत (एचएडीआर) संचालन शुरू करने में सर्वोत्तम कार्यप्रणालियों और मानक संचालन प्रक्रियाओं को साझा करना है।

विशाखापत्तनम में हार्बर चरण का आयोजन किया गया, इस दौरान समुद्री यात्रा से पूर्व विचार-विमर्श, विषय-वस्तु विशेषज्ञों के बीच विचारों का आदान-प्रदान, खेल कार्यक्रम, जहाज बोर्डिंग अभ्यास और क्रॉस डेक दौरे शामिल थे। भारत की जीवंत संस्कृति को प्रदर्शित करने वाले सांस्कृतिक आदान-प्रदान कार्यक्रम के एक भाग के रूप में, दोनों नौसेनाओं के कर्मियों ने 25 मार्च 24 को एक साथ होली का पर्व मनाया। समुद्री चरण 26 से 30 मार्च 24 तक आयोजित किया गया और इसमें समुद्री अभ्यास में शामिल दोनों देशों की इकाइयां शामिल थीं।
एक संयुक्त कमान एवं नियंत्रण केंद्र और एचएडीआर संचालन के लिए संयुक्त राहत और चिकित्सा शिविर की स्थापना के लिए काकीनाडा में सैनिक पहुंचे। काकीनाडा और विशाखापत्तनम के पास भारतीय नौसेना और अमेरिकी नौसेना के जहाजों के बीच यूएच3एच, सीएच53 और एमएच60आर हेलीकॉप्टरों से जुड़े क्रॉस डेक हेलीकॉप्टर संचालन भी किए गए।
