ग्रेटर नोएडा का नामी गैंगस्टर अनिल दुजाना काफी समय से दिल्ली की तिहाड़ जेल में बंद था। वह करीब एक सप्ताह पहले वह जेल से रिहा हुआ था।
अनिल दुजाना को करीब डेढ़ साल पहले दिल्ली पुलिस क्राइम ब्रांच ने दिल्ली से गिरफ्तार किया था।
आपको बता दें कि इससे पहले यूपी में अप्रैल के महीन में ही उमेश पाल हत्याकांड के आरोपी असद और उसके सहयोगी गुलाम दोनों ही एनकाउंटर में मारे गए थे।
अनिल दुजाना यूपी का कुख्यात बदमाश माना जाता था। उसके खिलाफ यूपी ही नहीं बल्कि दूसरे राज्यों में भी लगभग 50 हत्या, रंगदारी, फिरौती आदि के केस दर्ज थे।
अनिल दुजाना का गौतमबुद्घनगर, गाजियाबाद, दिल्ली-एनसीआर और हरियाणा में आतंक छाया हुआ था।
गौरतलब है कि अनिल दुजाना ने जमानत पर जेल से बाहर आते ही जयचंद प्रधान मर्डर केस में उसकी पत्नी और गवाह संगीता को धमकी दी थी।
जिसके बाद दुजाना के खिलाफ दो मुकदमे दर्ज किए गए थे और उसकी गिरफ्तारी के लिए नोएडा पुलिस की स्पेशल सेल टीम और एसटीएफ टीम उसके पीछे लगी हुई थी।
इन टीमों ने उसकी तलाश में 20 से भी ज्यादा जगहों पर छापेमारी की थी।