यह मामला कोयला व्यवसायी नंदकिशोर रूंगटा के अपहरण और हत्या के मामले और 2005 में मुहम्मदाबाद थाने के बसनिया चट्टी में भाजपा विधायक कृष्णानंद राय की हत्या से जुड़ा है।
मुख्तार और अफजल अंसारी के खिलाफ 2007 में कथित संलिप्तता के लिए गैंगस्टर अधिनियम में मामला दर्ज किया गया था।
वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए पेशी
वर्तमान में माफिया मुख्तार अंसारी बांदा जेल में बंद हैं और यही से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए उसे अदालत में पेश किया गया। बता दें कि, इस मामले में 1 अप्रैल को ही न्यायाधीश दुर्गेश कुमार की अदालत में बहस पूरी हो गई थी और फैसला सुरक्षित रख लिया था।
मऊ में बढ़ाई गई सुरक्षा व्यवस्था
मुख्तार अंसारी पर आज होने वाले कोर्ट के फैसले से पहले ही हिंसा की आशंका को देखते हुए मऊ जिले में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी गई थी। जिसके चलते स्थिति नियंत्रण में बनी हुई है।
अंसारी को सजा का ऐलान होने के बाद भी क्षेत्र में शांति बनी हुई है।
भाजपा विधायक समेत 7 लोगों की हुई थी हत्या
बता दें कि साल 2005 में यूपी के मुहम्मदाबाद थाना के बसनिया चट्टी में भाजपा विधायक कृष्णानन्द राय समेत 7 लोगों की हत्या की गई थी।
इस मामले में सांसद अफजाल अंसारी और माफिया मुख्तार अंसारी पर 2007 में गैंगेस्टर एक्ट के तहत मामला दर्ज किया था।