नई दिल्ली | यूक्रेन युद्ध के बीच रूस के लिए बड़ा संकट खड़ा हो गया है। रूस के लिए यूक्रेन में लड़ाई लड़ने वाले भाड़े के सैनिकों के वैगनर समूह के चीफ ने पुतिन के खिलाफ ही विद्रोह शुरू कर दिया है।
बताया जा रहा है कि वैगनर समूह में भाड़े के लड़ाके हैं और उनकी संख्या 50 हजार के करीब है।
वैगनर आर्मी के चीफ येवगेनी प्रिगोजिन ने कहा है कि उनके सैनिक मरने के लिए तैयार हैं और वे रूसी सैन्य नेतृत्व को उखाड़ फेंकने के लिए आगे बढ़ रहे हैं।
स्थानीय रूसी मीडिया की माने तो वैगनर के लड़ाकों ने सैन्य मुख्यालय, शहर प्रशासन भवन, रूसी खुफिया (एफएसबी) कार्यालय और स्थानीय पुलिस स्टेशन को घेर लिया है।
सोशल मीडिया पर भी कई वीडियो सामने आए जिसमें रूसी शहर रोस्तोव के ऊपर सैन्य हेलीकॉप्टर उड़ते और शहर की सड़कों पर बख्तरबंद वाहन दिखाई दे रहे हैं।
मॉस्को में अलर्ट , टैंक और सुरक्षा बलों की तैनाती
खतरे को भांपते हुए रूस की राजधानी मॉस्को में अलर्ट जारी करते हुए टैंक और सुरक्षा बलों की तैनाती की गई है।
वैगनर लड़ाकों के विद्रोह के बाद रूस की राष्ट्रीय आतंकवाद विरोधी समिति ने कहा है कि मास्को और मास्को क्षेत्र पर संभावित आतंकवादी हमलों को रोकने के लिए आतंकवाद-विरोधी ऑपरेशन शुरू किया गया है।
मॉस्को के दक्षिण में लिपेत्स्क क्षेत्र के गवर्नर इगोर आर्टामोनोव ने लोगों से शांत रहने और घर के अंदर बने रहने का आग्रह किया है।
राज्य मीडिया का कहना है कि रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के जल्द ही राष्ट्र को संबोधित करने की उम्मीद है।
एक मीडिया रिपोर्ट्स की माने तो रूसी जनरलों द्वारा वैगनर प्रमुख येवगेनी वी प्रिगोझिन पर तख्तापलट का प्रयास करने का आरोप लगाने के बाद रूस में कई इंटरनेट कंपनियों ने गूगल न्यूज को भी ब्लॉक कर दिया है।
गवर्नर ने कहा कि रूसी शहर रोस्तोव-ऑन-डॉन में सभी सार्वजनिक कार्यक्रम रद्द कर दिए गए हैं।
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक उन्हें ‘पुतिन के शेफ’ के रूप में जाना जाता है क्योंकि वह क्रेमलिन को सेवाएं प्रदान करने वाले रेस्तरां और खानपान कंपनियों के मालिक भी हैं।
ये लड़ाके यूक्रेन में कई मुश्किल मौकों पर रूसी सेना के लिए मददगार भी बने हैं।
रूस के अभियोजक जनरल के अनुसार, प्रिगोझिन पर ‘सशस्त्र विद्रोह’ के लिए जांच चल रही है।