अजमेर में सामूहिक आत्महत्या: अजमेर में एक ही परिवार के 3 लोगों ने जहर खाकर दी जान
अजमेर के गढ़ी मलियान में शनिवार रात एक व्यवसायी, उनकी पत्नी और 20 वर्षीय बेटी ने जहर खा लिया। अस्पताल में इलाज के दौरान तीनों की मौत हो गई। घटना से इलाके में सनसनी है।
HIGHLIGHTS
- अजमेर के गढ़ी मलियान में व्यवसायी, पत्नी और 20 वर्षीय बेटी ने जहर खाकर जान दी।
- जहर पीने से पहले अशोक शर्मा ने भांजे की पत्नी को फोन कर 'अलविदा' कहा था।
- घटना के समय बेटा घर में मौजूद था, जबकि बहू अपने मायके गई हुई थी।
- पड़ोसियों ने लाखों रुपये के कर्ज के कारण मानसिक तनाव की आशंका जताई है।
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अजमेर | राजस्थान के अजमेर जिले में एक ही परिवार के तीन सदस्यों द्वारा आत्महत्या करने का मामला सामने आया है।
यह घटना आदर्श नगर थाना क्षेत्र के गढ़ी मलियान इलाके में शनिवार रात को घटित हुई।
एक व्यवसायी ने अपनी पत्नी और 20 साल की जवान बेटी के साथ कथित तौर पर जहर का सेवन कर लिया।
तीनों को गंभीर हालत में अस्पताल ले जाया गया, लेकिन इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई।
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मृतकों का विवरण
पुलिस ने मृतकों की पहचान उजागर कर दी है।
मृतकों में 59 वर्षीय अशोक शर्मा शामिल हैं, जो पेशे से फर्नीचर व्यवसायी थे।
उनके साथ उनकी 52 वर्षीय पत्नी इंद्रा शर्मा और 20 वर्षीय बेटी दीक्षा शर्मा ने भी दम तोड़ दिया।
इस घटना के बाद से पूरे गढ़ी मलियान इलाके में मातम पसरा हुआ है।
जहर पीने की खौफनाक रात
जानकारी के मुताबिक, यह घटना शनिवार रात करीब 7:30 से 8:00 बजे के बीच हुई।
परिवार के तीनों सदस्यों ने जहर की गोलियां पानी में मिलाकर पी ली थीं।
जहर का असर होते ही तीनों की तबीयत तेजी से बिगड़ने लगी।
आसपास के लोगों और परिजनों ने उन्हें तुरंत जवाहरलाल नेहरू (जेएलएन) अस्पताल पहुंचाया।
अंतिम फोन कॉल: 'अब बात नहीं होगी'
घटना को अंजाम देने से पहले अशोक शर्मा ने एक फोन कॉल किया था।
उन्होंने जयपुर के फुलेरा में रहने वाले अपने भांजे निर्मल को फोन लगाया।
निर्मल की पत्नी ने जब फोन उठाया, तो अशोक ने भारी मन से कहा, "अब बात नहीं होगी, अलविदा।"
यह सुनकर भांजे का परिवार डर गया और उन्होंने तुरंत अजमेर में संपर्क किया।
पड़ोसियों ने देखा खौफनाक मंजर
अशोक के भांजे ने अजमेर में रहने वाले उनके पड़ोसी गुरुदत्त को फोन कर घर जाने को कहा।
जब गुरुदत्त अशोक शर्मा के घर पहुंचे, तो वहां का नजारा देख उनके होश उड़ गए।
अशोक, इंद्रा और दीक्षा तीनों बेड पर पड़े तड़प रहे थे।
पड़ोसियों ने बिना देरी किए उन्हें अस्पताल पहुंचाया, लेकिन जहर शरीर में फैल चुका था।
बेटे की आंखों के सामने उजड़ा संसार
इस दुखद घटना के समय अशोक शर्मा का बेटा गौरव घर में ही मौजूद था।
गौरव जयपुर की एक निजी कंपनी में कार्यरत है और दो दिन पहले ही अजमेर आया था।
उसकी आंखों के सामने उसके माता-पिता और बहन ने दम तोड़ दिया।
इस सदमे को गौरव बर्दाश्त नहीं कर सका और वह अस्पताल में ही बेहोश हो गया।
लाखों का कर्ज और मानसिक तनाव
अशोक शर्मा फर्नीचर का काम करते थे और काफी समय से परेशान चल रहे थे।
पड़ोसियों ने पुलिस को बताया कि अशोक पर लाखों रुपये का कर्ज था।
माना जा रहा है कि इसी कर्ज के बोझ और मानसिक तनाव के कारण परिवार ने यह कदम उठाया।
हालांकि, पुलिस ने अभी तक आधिकारिक तौर पर कर्ज को मुख्य वजह नहीं माना है।
पुलिस की कार्रवाई और जांच
घटना की सूचना मिलते ही आदर्श नगर थाना सीआई ओमप्रकाश मीणा पुलिस टीम के साथ पहुंचे।
एफएसएल (FSL) टीम ने भी घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया और साक्ष्य जुटाए।
- पुलिस परिवार के अन्य सदस्यों से पूछताछ कर रही है।
- घटनास्थल पर किसी सुसाइड नोट की तलाश की जा रही है।
- पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद मौत के सही कारणों का पता चलेगा।
थाना प्रभारी ने कहा कि अभी किसी नतीजे पर पहुंचना जल्दबाजी होगी, जांच जारी है।
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