thinQ360
🏠 टॉप 🔥 राजनीति 📍 राज्य 📰 लाइफ स्टाइल 🏏 खेल 🎬 मनोरंजन 📰 जालोर 👤 शख्सियत 💻 तकनीक ✍️ Blog ⭐ सफलता की कहानी 🚨 क्राइम 📰 मनचाही ▶️ YouTube
राजस्थान

पत्रकार को धमकी, जांच के आदेश: खबर से बौखलाए क्लब सचिव! पत्रकार को फोन पर दी धमकी

Pradeep Beedawat

सिरोही में स्वरूप क्लब पर खबर चलाने पर पत्रकार को सचिव ने फोन पर धमकी दी। जिला कलेक्टर ने क्लब की गतिविधियों और धमकी मामले की जांच के आदेश दिए हैं।

+Follow us
thinQ360 को गूगल पर फेवरेट बनाएँ

HIGHLIGHTS

  • सिरोही के स्वरूप क्लब पर खबर चलाने पर पत्रकार को धमकी।
  • क्लब सचिव नटवर सिंह पर फोन पर धमकाने का आरोप।
  • जी राजस्थान के संवाददाता शरद टाक ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई।
  • जिला कलेक्टर ने मामले की जांच के आदेश दिए।
sirohi swaroop club secretary threatens journalist sharad tak

सिरोही | शहर के ऐतिहासिक स्वरूप क्लब को लेकर प्रसारित एक खबर के बाद विवाद खड़ा हो गया है। क्लब की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाने वाली खबर के बाद एक पत्रकार को कथित तौर पर धमकी दी गई है, जिससे मामला और गरमा गया है।

क्या है पूरा मामला?

हाल ही में एक खबर में सिरोही के स्वरूप क्लब की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए गए थे। खबर में बताया गया था कि खेल एवं सांस्कृतिक गतिविधियों के लिए स्थापित इस क्लब की पहचान अब बदल रही है।

शहर में ऐसी चर्चा है कि शाम होते ही यह क्लब कथित तौर पर शराब पार्टियों और जुए जैसी गतिविधियों का अड्डा बन जाता है। इस स्थिति को लेकर कई नागरिकों ने चिंता जताई है और क्लब को उसके मूल उद्देश्यों के अनुसार चलाने की मांग की है।

खबर के बाद पत्रकार को मिली धमकी

आरोप है कि इस खबर के प्रसारित होने के बाद क्लब के सचिव नटवर सिंह ने जी राजस्थान के संवाददाता शरद टाक को फोन किया।

बातचीत के दौरान सचिव ने कथित तौर पर पत्रकार को गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी दी। उन्होंने कहा कि वे उनकी पत्रकारिता रद्द करवा देंगे और मानहानि का मुकदमा भी करेंगे।

'सिरोही से निकाल देंगे'

आरोप के अनुसार, धमकी का सिलसिला यहीं नहीं रुका। सचिव ने कथित रूप से "सिरोही से निकाल देंगे" और "ठोक-ठुकाकर भेज देंगे" जैसे शब्दों का भी इस्तेमाल किया।

फोन पर हुई बातचीत में सचिव ने यह भी सवाल किया कि पत्रकार ने बिना अनुमति क्लब में प्रवेश कैसे किया और वीडियो क्यों बनाया। वहीं, संवाददाता शांतिपूर्वक अपनी बात रखते रहे।

प्रशासन ने लिया संज्ञान

इस घटना के बाद जी राजस्थान के संवाददाता ने संबंधित पुलिस थाने में एक लिखित शिकायत दर्ज कराई है।

मामले की गंभीरता को देखते हुए जिला कलेक्टर रोहिताश्व सिंह तोमर ने इस पूरे प्रकरण की जांच के आदेश दिए हैं। जांच में पत्रकार को दी गई धमकी और क्लब में चल रही कथित गतिविधियों, दोनों पहलुओं को शामिल किया गया है।

पत्रकारिता पर हमले का सवाल

इस घटना ने कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। क्या किसी खबर से असहमति होने पर पत्रकार को इस तरह धमकाना उचित है? यह घटना सवाल पूछने वाली पत्रकारिता को डराने का एक प्रयास माना जा रहा है, जो लोकतांत्रिक मूल्यों के अनुरूप नहीं है। अब पूरे जिले की निगाहें इस मामले में होने वाली जांच और सरूप क्लब के पदाधिकारियों की जवाबदेही पर टिकी हैं।

*Edit with Google AI Studio

शेयर करें: