सांसद की कार में आग, बाल-बाल बचे: नासिक-मुंबई हाईवे पर भाजपा सांसद लुम्बाराम चौधरी की रेंज रोवर में भीषण आग, बाल-बाल बची जान
राजस्थान के भाजपा सांसद लुम्बाराम चौधरी की कार नासिक-मुंबई हाईवे पर धू-धू कर जल गई। ड्राइवर की सूझबूझ से सांसद और उनके साथी सुरक्षित बाहर निकलने में सफल रहे।
नासिक | महाराष्ट्र के नासिक-मुंबई हाईवे पर एक रोंगटे खड़े कर देने वाला हादसा सामने आया है। राजस्थान के सिरोही-जालौर निर्वाचन क्षेत्र से भाजपा सांसद लुम्बाराम चौधरी की महंगी रेंज रोवर कार में अचानक भीषण आग लग गई। यह घटना इतनी भयानक थी कि देखते ही देखते करोड़ों की कार लोहे के ढांचे में तब्दील हो गई। गनीमत रही कि इस हादसे में सांसद और उनके साथ मौजूद अन्य लोग पूरी तरह सुरक्षित हैं। ड्राइवर की समय पर की गई त्वरित कार्रवाई ने एक बड़ी त्रासदी को टाल दिया, वरना आधी रात को हाईवे पर कोई भी अनहोनी घट सकती थी।
आधी रात को हाईवे पर मची अफरा-तफरी
प्राप्त जानकारी के अनुसार, यह घटना गोंडे फाटा इलाके के पास रात के करीब 1:30 बजे हुई। सांसद लुम्बाराम चौधरी वाशिम से नासिक के प्रसिद्ध त्र्यंबकेश्वर ज्योतिर्लिंग के दर्शन के लिए अपनी टीम के साथ जा रहे थे। उनकी लग्जरी रेंज रोवर कार (MH 01. DK 9975) हाईवे पर अपनी मंजिल की ओर बढ़ रही थी। सन्नाटे भरी रात में अचानक कार के अंदर से कुछ जलने की बहुत तेज गंध आने लगी, जिससे कार में सवार सभी लोग अचानक चौकन्ने हो गए और घबरा गए।
ड्राइवर की सूझबूझ ने बचाई सांसद की जान
कार को शाहपुर निवासी अनुभवी ड्राइवर अनिल जाधव चला रहे थे। जैसे ही उन्हें जलने की महक आई और बोनट के पास से हल्का धुआं निकलता दिखा, उन्होंने बिना एक पल की देरी किए असाधारण सूझबूझ का परिचय दिया। उन्होंने तुरंत कार को सड़क के किनारे एक सुरक्षित स्थान पर खड़ा कर दिया। ड्राइवर ने फौरन सांसद लुम्बाराम चौधरी और कार में बैठे अन्य साथियों को बाहर निकलने के लिए चिल्लाकर आगाह किया। जैसे ही सभी लोग गाड़ी से उतरकर सुरक्षित दूरी पर पहुंचे, कार के अगले हिस्से से आग की ऊंची लपटें निकलने लगीं।
देखते ही देखते पूरी कार आग का गोला बन गई और आसमान में काले धुएं का गुबार छा गया। अगर ड्राइवर ने निर्णय लेने में जरा भी देरी की होती, तो कार का सेंट्रल लॉकिंग सिस्टम जाम हो सकता था और परिणाम घातक हो सकते थे। कुछ ही पलों में आग ने इतना विकराल रूप ले लिया कि किसी को भी कार के पास जाने की हिम्मत नहीं हुई।
पुलिस और फायर ब्रिगेड की त्वरित कार्रवाई
सड़क पर धू-धू कर जलती कार को देखकर आसपास के लोग और अन्य वाहन चालक भी सहम गए। घटना की जानकारी तुरंत स्थानीय पुलिस और दमकल विभाग को दी गई। वाडिवे थाने के पुलिसकर्मी और फायर ब्रिगेड की टीम कुछ ही समय में मौके पर पहुंच गई। दमकल कर्मियों ने पानी की बौछार कर कड़ी मशक्कत के बाद आग पर पूरी तरह से काबू पाया, लेकिन तब तक कीमती रेंज रोवर जलकर पूरी तरह राख हो चुकी थी। अब उस स्थान पर केवल कार का जला हुआ लोहे का ढांचा ही बचा है, जो हादसे की भयावहता को बयां कर रहा है।
हादसे के बाद यातायात हुआ प्रभावित
इस भीषण अग्निकांड के कारण मुंबई-नासिक हाईवे पर कुछ घंटों तक यातायात बाधित रहा। पुलिस ने एहतियात के तौर पर वाहनों को रोक दिया था ताकि आग की लपटों से कोई और वाहन चपेट में न आए। बाद में क्रेन की मदद से जले हुए वाहन को सड़क से हटाकर किनारे किया गया, जिसके बाद यातायात धीरे-धीरे सामान्य हो सका। वाडिवे पुलिस स्टेशन के इंस्पेक्टर भगवान माथुरे ने बताया कि "सांसद अपने साथियों के साथ ठाणे से त्र्यंबकेश्वर जा रहे थे। प्रथम दृष्टया यह इंजन में तकनीकी खराबी या शॉर्ट सर्किट का मामला लग रहा है। हमने एक्सीडेंटल केस दर्ज कर लिया है और फॉरेंसिक टीम भी इसकी जांच कर सकती है।" सुरक्षित रहने के बाद सांसद चौधरी ने ईश्वर का धन्यवाद किया और त्र्यंबकेश्वर मंदिर में मत्था टेका।