कोलाबा विधानसभा सीट से कांग्रेस के प्रत्याशी हीरा देवासी ने अपनी चुनावी हार के बाद पार्टी और अपने समाज के लोगों के बीच चर्चा का विषय बन गए हैं। चुनाव में हार के बाद हीरा देवासी ने रानीवाड़ा से कांग्रेस विधायक और देवासी समाज के प्रमुख नेता रतन देवासी के खिलाफ खुला मोर्चा खोल दिया है।
उन्होंने रतन देवासी पर समाज के विकास में अवरोध उत्पन्न करने और नए नेताओं को आगे बढ़ने से रोकने का आरोप लगाया है। हीरा देवासी का यह कदम देवासी समाज के सामाजिक और राजनीतिक परिदृश्य को लेकर नए विवादों को जन्म दे रहा है।
हीरा देवासी ने टिकट देने के लिए राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत का आभार व्यक्त किया और कांग्रेस पार्टी के प्रति अपनी निष्ठा जताई। उन्होंने कहा कि पार्टी ने उन्हें मौका दिया और वह इसके लिए पार्टी के शीर्ष नेतृत्व के आभारी हैं। हालाँकि, उनकी नाराजगी रतन देवासी के प्रति स्पष्ट रूप से दिखाई दे रही है।
हीरा देवासी का कहना है कि रतन देवासी ने समाज के नाम पर राजनीति तो की, लेकिन असल में समाज के हितों को नजरअंदाज किया है। उनका आरोप है कि रतन देवासी समाज के नेताओं और युवाओं को आगे बढ़ने से रोकते हैं और अपने प्रभाव का गलत इस्तेमाल करते हुए सभी नेतृत्वकारी भूमिकाओं पर स्वयं कब्जा बनाए रखना चाहते हैं।