स्थिति को काबू करने के लिए पुलिस की ओर से बस में बैठाकर नेताओं और कार्यकर्ताओं को वहां से हटाया गया।
सचिवालय का घेराव करने के लिए आगे बढ़ रहे भाजपा के नेताओं, लोगों और समर्थकों को जब पुलिस ने रोकना चाहा तो वे नहीं रूके।
इसके बाद पुलिस ने बल प्रयोग कतरे हुए वाटर केनन का स्तेमाल किया।
पुलिस के इस बर्ताव से भाजपा नेताओं में गुस्सा दिखाई दे रहा है। उनका कहना है कि हम सचिवालय जाकर ज्ञापन देना चाह रहे थे लेकिन पुलिस ने लगातार लाठीचार्ज और वॉटर कैनन किया जिसमें हमारे कई नेताओं को चोट लगी है।
वहीं दूसरी ओर, पुलिस का कहना है कि भाजपा कार्यकर्ताओं ने रोके जाने पर बैरिकेडिंग तोड़ लगातार आगे बढ़ने की कोशिश की।
वसुंधरा राजे को छोड़कर सभी भाजपा नेता दिए दिखाई
कांग्रेस की गहलोत सरकार के खिलाफ हुए भाजपा के इस महा घेराव में पूर्व सीएम वसुंधरा राजे के अलावा भाजपा के सभी बड़े नेता दिखाई दिए।
इस महाघेराव को लेकर भाजपा नेताओं की ओर से दावा किया गया है कि ये अशोक गहलोत सरकार के खिलाफ जयपुर में अब तक का सबसे बड़ा प्रदर्शन है।
भाजपा का दावा है कि इस प्रदर्शन में 1 लाख से भी ज्यादा लोगों ने भाग लिया और गहलोत सरकार के खिलाफ आवाज उठाई। प्रदेशभर से भाजपा कार्यकर्ताओं की भीड़ जयपुर जुटी है।
क्या कहा राजेन्द्र राठौड़ ने
सचिवालय घेराव को लेकर नेता प्रतिपक्ष राजेन्द्र राठौड़ ने कहा कि हम ज्ञापन देने आए थे, लेकिन सरकार लाठी से बात कर रही है।
’नहीं सहेगा राजस्थान’ अभियान का यह आगाज है और सरकार को उखाड़ फेंकने के बाद ही यह अभियान खत्म होगा।