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राजस्थान

राजस्थान में तीसरी ताकत?: राजस्थान में तीसरी ताकत? भाटी-मीणा की जोड़ी का गणित

बलजीत सिंह शेखावत

राजस्थान में खाद संकट के विरोध में 10 दिनों से अनशन कर रहे नरेश मीणा का अनशन शिव विधायक रविंद्र सिंह भाटी ने बारां जिला अस्पताल में जूस पिलाकर खत्म करवाया।

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HIGHLIGHTS

  • खाद की उपलब्धता की मांग को लेकर 10 दिन से अनशन पर थे नरेश मीणा।
  • तबीयत बिगड़ने के बाद प्रशासन ने उन्हें बारां जिला अस्पताल में भर्ती कराया था।
  • शिव विधायक रविंद्र सिंह भाटी ने अस्पताल पहुंचकर जूस पिलाकर अनशन समाप्त कराया।
  • भाटी ने कहा कि युवाओं की जायज मांगों के समर्थन में वे मजबूती से खड़े रहेंगे।
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बारां | राजस्थान में किसानों के लिए खाद की उपलब्धता सुनिश्चित करने की मांग को लेकर चल रहा अनशन रविवार को समाप्त हो गया। पूर्व छात्र नेता और सामाजिक कार्यकर्ता नरेश मीणा पिछले 10 दिनों से लगातार अनशन पर बैठे थे।

बाड़मेर जिले की शिव विधानसभा सीट से निर्दलीय विधायक रविंद्र सिंह भाटी रविवार दोपहर बाद बारां के जिला अस्पताल पहुंचे। उन्होंने गंभीर रूप से बीमार नरेश मीणा को जूस पिलाकर अनशन तुड़वाया।

नयागांव से शुरू हुआ था अनशन

नरेश मीणा अपने पैतृक गांव नयागांव में कई दिनों से खाद संकट के खिलाफ अनशन पर बैठे थे। अनशन के नौवें दिन तबीयत बिगड़ने पर प्रशासन ने उन्हें बारां जिला अस्पताल में भर्ती कराया था।

अस्पताल के वार्ड में भर्ती होने के बावजूद नरेश मीणा ने अपना विरोध और अनशन जारी रखा था। रविवार को विधायक रविंद्र सिंह भाटी के पहुंचने के बाद यह अनशन समाप्त हुआ।

सक्रिय राजनीति और जनहित पर बयान

अनशन समाप्त कराने के बाद रविंद्र सिंह भाटी ने कहा कि जहां भी युवा जायज मांगों को लेकर आंदोलन करेंगे, वे उनके साथ खड़े रहेंगे। उन्होंने इसे सोशल मीडिया और मीडिया के जरिए साझा किया।

जमीन से जुड़े जनप्रतिनिधियों की जरूरत

भाटी ने कहा कि गंभीर स्थिति के बावजूद नरेश मीणा अपनी मांगों पर डटे रहे। उन्होंने कहा कि जमीन से जुड़े लोगों का सक्रिय राजनीति में होना बेहद जरूरी है।

भाटी के अनुसार, ऐसे जनप्रतिनिधियों की आवश्यकता है जो गरीब, किसान और पीड़ित वर्ग की आवाज मजबूती से उठा सकें और उनके संघर्ष को अपना संघर्ष समझें।

*Edit with Google AI Studio

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