जयपुर । मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि प्रदेश के सभी 200 विधानसभा क्षेत्रों में बजट घोषणाओं के क्रियान्वयन से सर्वांगीण विकास करना राज्य सरकार की प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि विकसित राजस्थान के संकल्प को साकार करने के लिए आधारभूत विकास के साथ ही प्रदेश में जनकल्याणकारी योजनाएं प्रभावी रूप से संचालित की जा रही हैं। इन योजनाओं का लक्ष्य समाज के अन्तिम व्यक्ति को राहत पहुंचाते हुए उत्थान और कल्याण सुनिश्चित करना है।
शर्मा रविवार को मुख्यमंत्री निवास पर जोधपुर एवं उदयपुर संभाग के विधायकों के साथ बजट वर्ष 2024-25 में की गई घोषणाओं के क्रियान्वयन को लेकर आयोजित बैठक को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि विधायक अपने विधानसभा क्षेत्र में हो रहे विकास कार्यों की नियमित मॉनिटरिंग करें। इसके लिए जिला प्रशासन के साथ निरन्तर बैठक कर विकास कार्यों की प्रगति का फीडबैक भी लेवें। उन्होंने कहा कि इन घोषणाओं को धरातल पर उतारना ही हमारा लक्ष्य होना चाहिए।
मुख्यमंत्री ने जोधपुर एवं उदयपुर संभाग के विधायकों से बजट घोषणाओं केे विकास कार्यों की वित्तीय स्वीकृति, जमीन आवंटन और प्रगतिरत कार्यों के संबंध में विस्तृत चर्चा की। उन्होंने विधायकों से कहा कि आमजन के कल्याण एवं क्षेत्र की आवश्यकता के अनुरूप जनहित के विकास कार्यों की सूची बनाकर भेजें ताकि इन्हें आगामी बजट में शामिल किया जा सके।
मुख्यमंत्री सद्भावना केन्द्रों का करें प्रभावी संचालन—
मुख्यमंत्री ने विधायकगणों को मुख्यमंत्री सद्भावना केन्द्रों के संचालन, अटल ज्ञान केन्द्रों की स्थापना और खेलो इंडिया अभियान की तैयारी के संबंध में विस्तृत दिशा निर्देंश दिए। साथ ही, उन्होंने राज्य सरकार के कार्यों, योजनाओं, नीतियों व उपलब्धियों के प्रचार-प्रसार के निर्देश भी दिए। शर्मा ने कहा कि विधायकों के कार्यों से ही क्षेत्र में बदलाव आता है और जनता का विश्वास कायम होता है। उन्होंने विधायकों के सुझावों का संज्ञान लेते हुए अधिकारियों को समग्र शिक्षा अभियान के अंतर्गत निर्माण कार्यों के संबंध में आवश्यक दिशा-निर्देश प्रदान किए।