चिकित्सा मंत्री ने कहा कि सवाई मानसिंह अस्पताल देश के प्रमुख अस्पतालों में से एक है। यहां सुविधाओं के विस्तार में सरकार किसी तरह की कमी नहीं रखेगी।
हमारा प्रयास होगा कि मरीजों को अत्याधुनिक तकनीक से गुणवत्तापूर्ण उपचार यहां उपलब्ध हो। उन्होंने अस्पताल में नई लॉण्ड्री के लोकार्पण के अवसर पर अस्पताल प्रबंधन को बधाई दी। उन्होंने कहा कि एसएमएस अस्पताल में चिकित्सा सुविधाओं को निरंतर बेहतर बनाया जा रहा है। साफ-सफाई, वार्डों की स्थिति, जांच, दवा एवं उपचार की सुविधाओं में काफी सुधार हुआ है।
सवाई मानसिंह अस्पताल के अधीक्षक डॉ. अचल शर्मा ने बताया कि यह उत्तर भारत की पहली स्टेट ऑफ आर्ट बैरियर लॉण्ड्री है। प्रदेश में सर्वाधिक क्षमता 535 किलो प्रति वाश साइकल की यह लॉण्ड्री पूरी तरह ऑटोमैटिक एवं अत्याधुनिक तकनीक से युक्त है। धुलाई से लेकर आयरन एवं फोलिं्डग की सुविधा देने वाली यह लॉण्ड्री पूरी तरह ईको फ्रेण्डली है।
एसएमएस मेडिकल कॉलेज के अतिरिक्त प्राचार्य डॉ. राकेश जैन ने बताया कि लॉण्ड्री में उपयोग किए जाने वाले कैमिकल भी बायोडिग्रेडेबल और ईको फ्रेण्डली हैं। इसमें शत-प्रतिशत हाईजीन के साथ एफल्यूएंट ट्रीटमेंट प्लांट की सुविधा है। डॉ. गौरव शर्मा ने बताया कि इस लॉण्ड्री में गंदे और धुले हुए कपड़ों के अलग-अलग परिवहन के लिए रंग आधारित कार्ट की सुविधा है। इसमें कपड़ों की ट्रेकिंग के लिए आरएफआईडी टैग की सुविधा भी दी गई है।
कार्यक्रम में सवाई मानसिंह मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. राजीव बगरहट्टा, अतिरिक्त अधीक्षक डॉ. सुनीत राणावत, डॉ. नरेन्द्र चौहान, उप अधीक्षक डॉ. जगदीश मोदी सहित अन्य वरिष्ठ चिकित्सक एवं अस्पताल प्रशासन से जुडे़ अधिकारी उपस्थित थे।