जयपुर | राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने रविवार को चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग की महत्वपूर्ण योजनाओं की समीक्षा की। इस बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने सरकारी कर्मचारियों के लिए संचालित राजस्थान गवर्नमेंट हेल्थ स्कीम यानी आरजीएचएस के दुरुपयोग को लेकर कड़ा रुख अपनाया। उन्होंने स्पष्ट किया कि स्वास्थ्य सेवाओं में किसी भी प्रकार की अनियमितता या लापरवाही को स्वीकार नहीं किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि आरजीएचएस में गड़बड़ी करने वाले दोषियों के खिलाफ कठोर दंडात्मक कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
आरजीएचएस दुरुपयोग: मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा का बड़ा फैसला आरजीएचएस दुरुपयोग पर होगी सख्त कार्रवाई
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने आरजीएचएस और एंबुलेंस सेवाओं की समीक्षा की और अनियमितताओं पर जीरो टॉलरेंस की चेतावनी दी।
HIGHLIGHTS
- आरजीएचएस के दुरुपयोग पर जीरो टॉलरेंस नीति के तहत होगी कठोर कार्रवाई 108 और 104 एंबुलेंस सेवाओं को समय पर पहुंचाने के दिए कड़े निर्देश मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं को प्राथमिकता देते हुए पहुंच बढ़ाने पर जोर अस्पतालों में दवाओं और जांच सुविधाओं की नियमित निगरानी के आदेश
संबंधित खबरें
स्वास्थ्य सेवाओं में पारदर्शिता पर जोर
मुख्यमंत्री ने बैठक में कहा कि राज्य सरकार की योजनाओं का लाभ केवल पात्र व्यक्तियों तक ही पहुंचना चाहिए। उन्होंने आरजीएचएस के तहत होने वाले दुरुपयोग को रोकने के लिए निगरानी तंत्र को और अधिक सुदृढ़ करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने संकेत दिए कि लापरवाह कार्मिकों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएंगे ताकि व्यवस्था में पारदर्शिता बनी रहे। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को दवाओं और जांच सुविधाओं की नियमित रूप से निगरानी करने के लिए भी निर्देशित किया।
एंबुलेंस सेवाओं की कार्यप्रणाली में सुधार
बैठक के दौरान 108 एंबुलेंस सेवा के साथ-साथ 104 जननी एक्सप्रेस और ममता एक्सप्रेस सेवाओं की कार्यप्रणाली की भी गहन समीक्षा की गई। मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि आपातकालीन स्थितियों में एंबुलेंस पहुंचने में किसी भी प्रकार की देरी नहीं होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि समय पर एंबुलेंस पहुंचना जीवन रक्षा के लिए अत्यंत आवश्यक है और इसमें किसी भी स्तर पर कोताही नहीं बरती जानी चाहिए।
संबंधित खबरें
मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सरकार की प्राथमिकता
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य को अपनी सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता बताया। उन्होंने कहा कि दूरदराज के ग्रामीण क्षेत्रों तक इन स्वास्थ्य सेवाओं की पहुंच और अधिक मजबूत की जानी चाहिए। जीवन रक्षक सेवाओं को प्राथमिकता देते हुए मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य ढांचे को बेहतर बनाने के लिए ठोस योजना पर काम करने को कहा। उन्होंने विश्वास जताया कि इन कदमों से प्रदेश की स्वास्थ्य सेवाओं में बड़ा सुधार आएगा।
ताज़ा खबरें
जयपुर: राज्यपाल हरिभाऊ बागडे से मिले मंत्री झाबर सिंह खर्रा, शिष्टाचार भेंट में हुई अहम चर्चा
बिग बॉस फेम तान्या मित्तल का जयपुर में आध्यात्मिक सफर: मंदिरों में दर्शन कर बोलीं- यहां के स्थान महसूस किए जाते हैं
सोने-चांदी के दाम गिरे: चांदी ₹2,753 और सोना ₹246 सस्ता, जानें ईरान जंग के बीच क्यों आई कीमतों में इतनी बड़ी कमी
महिला आरक्षण पर सोनिया गांधी का बड़ा दावा: कहा- परिसीमन असली मुद्दा, चुनाव के बीच विशेष सत्र क्यों?