जयपुर में सामुहिक आत्महत्या: बेटे के घर पहुंचने से पहले उजड़ गया पूरा परिवार, बचे तो सिर्फ आंसू

बेटे के घर पहुंचने से पहले उजड़ गया पूरा परिवार, बचे तो सिर्फ आंसू
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राजधानी जयपुर के करधनी थाना इलाके में एक परिवार ने सामूहिक खुदकुशी कर अपनी जीवन लीला समाप्त कर ली। इसमें परिवार के तीन सदस्यों पति, पत्नी और उनके छोटे बेटे की मौत हो गई।

जयपुर | प्रदेश की राजधानी जयपुर में एक दिल को झकझौर देने वाला मामला सामने आया है। 

जिसमें बीमारी और आर्थिक तंगी एक परिवार का काल बन गए। परिवार के लोगों ने तंग आकर सामुहिक आत्महत्या कर ली।

ये हृदय विदारक मामला राजधानी के करधनी थाना इलाके में सामने आया है। जिसमें एक परिवार ने सामूहिक खुदकुशी कर अपनी जीवन लीला समाप्त कर ली।

इसमें परिवार के तीन सदस्यों पति, पत्नी और उनके छोटे बेटे की मौत हो गई। 

सूचना मिलते ही करधनी थाना पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का मौका मुआयना किया।

पुलिस ने एफएसएल टीम को मौके पर बुलाकर साक्ष्य भी जुटाए।  तीनों शवों का पोस्टमार्टम करवाकर शव परिजनों को सुपुर्द कर दिए गए हैं। 

करधनी थाना पुलिस के अनुसार, सोमवार रात को इलाके में बालाजी विहार निवारू रोड पर एक परिवार के तीन लोगों ने सामूहिक आत्महत्या कर ली। 
इसमें नवलगढ़ झुंझुनू निवासी नवीन सेन, उसकी पत्नी सीमा सेन और बेटे मयंक की मौत हो गई है। 

जूस में जहर मिला कर पीया 

करधनी थानाधिकारी ने बताया कि बालाजी विहार में  नवीन सेन ने रविवार रात जूस में जहर मिला दिया। इसके बाद उसने पहले खुद जूस पिया और फिर पत्नी और बच्चे को पिला दिया। 

पुलिस को मौके पर जहर के खाली पाउच और एक गिलास में जूस मिला है। जांच में खुलासा हुआ है कि जिस जूस में जहर था।

दोनों किडनियां खराब थी

जानकारी में सामने आया है कि सामुहिक आत्महत्या का कारण आर्थिक तंगी और बीमारी थी।

मृतक नवीन परिवार का मुखिया था और उसकी दोनों किडनियां खराब थी। वह मेडिकल शॉप चलाता था, लेकिन बीमारी और आर्थिक तंगी से पूरा परिवार परेशान था।

बड़ा बेटा दुकान से आया तो कुछ नहीं बचा 

जानकारी में सामने आया है कि मृतक का बड़ा बेटा मेडिकल की दुकान बंद पर था। जब वह दुकान से घर पहुंचा तो अंदर से दरवाजा बंद था।

दरवाजा बजाने और काफी आवाज लगाने के बाद भी जब गेट नहीं खुला तो उसने आसपास के लोगों की मदद से दरवाजा तोड़ा और अंदर गया तो उसके पांव तले जमीन खिसक गई। उसका पूरा परिवार मृत पड़ा था।

बड़े बेटे ने अपने छोटे भाई को संभाला तो उसमें थोड़ा होश नजर आया, जिसे तुरंत अस्पताल ले जाया गया, लेकिन अस्पताल पहुंचते ही उसकी भी मौत हो गई। 

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