Highlights
कानून व्यवस्था में सुधार, पेपर लीक पर सख्त कार्रवाई, किसानों के लिए ऐतिहासिक निर्णय, महिला सशक्तिकरण के प्रयास
Jaipur | राजस्थान विधानसभा में राज्यपाल के अभिभाषण पर चर्चा के दौरान शाहपुरा विधायक लालाराम बैरवा ने प्रदेश की वर्तमान सरकार के विजन और उपलब्धियों को विस्तार से सदन के सामने रखा। अपने संबोधन की शुरुआत में विधायक बैरवा ने राज्यपाल महोदय का धन्यवाद ज्ञापित किया और मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में चल रहे 'आपणो अग्रणी राजस्थान' के संकल्प की सराहना की। उन्होंने कहा कि सरकार सेवा, सुशासन और समर्पण के नए अध्याय लिख रही है और यह अभिभाषण केवल एक औपचारिक दस्तावेज नहीं, बल्कि प्रदेश के भविष्य का रोडमैप है।
विधायक ने कानून व्यवस्था को विकास का प्राथमिक आधार बताते हुए कहा कि वर्तमान सरकार ने अपराधियों में भय और आमजन में विश्वास पैदा किया है। उन्होंने विशेष रूप से महिला सुरक्षा के लिए उठाए गए कदमों का जिक्र किया, जिसमें लाडली सुरक्षा योजना और प्रदेश भर में अभय कमांड कंट्रोल सेंटर के माध्यम से 25,000 सीसीटीवी कैमरे लगाने का कार्य शामिल है। उन्होंने बताया कि संगठित अपराध और माफियाओं के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति के कारण आज प्रदेश की बेटियां और महिलाएं स्वयं को सुरक्षित महसूस कर रही हैं। इसके साथ ही साइबर अपराधों पर नियंत्रण के लिए विशेष सेल का गठन भी एक सराहनीय कदम है।
किसानों के कल्याण पर बोलते हुए लालाराम बैरवा ने कहा कि भाजपा सरकार किसान को अर्थव्यवस्था की रीढ़ मानती है। उन्होंने न्यूनतम समर्थन मूल्य पर खरीद, फसल बीमा योजना के कठोर पालन और सिंचाई परियोजनाओं के विस्तार को ऐतिहासिक बताया। विधायक ने कहा कि समय पर मुआवजा वितरण और खाद-बीज की सुनिश्चित उपलब्धता से किसानों की आय में स्थिरता आई है और खेती के प्रति उनका भरोसा लौटा है। ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने के लिए सरकार ने आपदा राहत सहायता केंद्र भी खोले हैं जो संकट के समय किसानों के लिए मददगार साबित हो रहे हैं।
संबोधन के दौरान विधायक ने युवाओं के भविष्य और पेपर लीक के मुद्दे पर पिछली सरकार को आड़े हाथों लिया। उन्होंने कहा कि पिछली सरकार के समय पेपर लीक की घटनाओं ने युवाओं के भविष्य के साथ जो छलावा किया था, उसे वर्तमान सरकार ने एसआईटी के गठन और सख्त कानूनी कार्रवाई से दूर किया है। उन्होंने गर्व से कहा कि वर्तमान सरकार के दो साल के कार्यकाल में एक भी पेपर लीक की घटना नहीं हुई है, जिससे प्रतियोगी परीक्षाओं की विश्वसनीयता पुनः स्थापित हुई है। अंत में उन्होंने कौशल विकास और रुकी हुई भर्तियों को गति देने के लिए सरकार की प्रतिबद्धता दोहराई और विकसित राजस्थान के निर्माण का आह्वान किया।
राजनीति