thinQ360
🏠 टॉप 🔥 राजनीति 📍 राज्य 📰 लाइफ स्टाइल 🏏 खेल 🎬 मनोरंजन 📰 जालोर 👤 शख्सियत 💻 तकनीक ✍️ Blog ⭐ सफलता की कहानी 🚨 क्राइम 📰 मनचाही ▶️ YouTube
राजस्थान

महिलाओं की बल्ले-बल्ले!: होली के बाद राजस्थान में कहीं भी सफर करो, लगेगा सिर्फ आधा किराया

thinQ360

- राजस्थान में विधानसभा चुनावों से पहले प्रदेश की महिलाओं को तोहफा।  - रोडवेज बसों में अब पूरा किराया देने की जरूरत नहीं होगी। - 1 अप्रेल से प्रदेश की सभी महिलाओं को ये सुविधा दी जाएगी। 

+Follow us
thinQ360 को गूगल पर फेवरेट बनाएँ

HIGHLIGHTS

  • - राजस्थान में विधानसभा चुनावों से पहले प्रदेश की महिलाओं को तोहफा। 
  • - रोडवेज बसों में अब पूरा किराया देने की जरूरत नहीं होगी।
  • - 1 अप्रेल से प्रदेश की सभी महिलाओं को ये सुविधा दी जाएगी। 
travel anywhere in rajasthan only half ticket fare will be charged from 1st april

जयपुर | होली के बाद यानि अप्रेल से राजस्थान की महिलाओं की बल्ले-बल्ले होने जा रही है। राज्य की महिलाओं को 1 अप्रेल से राज्य में कहीं भी आने जाने के लिए रोडवेज बसों में अब पूरा किराया देने की जरूरत नहीं होगी। महिलाओं से सिर्फ आधा ही किराया लिया जाएगा। 

राजस्थान में विधानसभा चुनावों से पहले प्रदेश की महिलाओं को ये तोहफा गहलोत सरकार देने जा रही है। 

रोडवेज ने यह फैसला हाल ही में सीएम अशोक गहलोत की ओर से की गई बजट घोषणा की अनुपालना में लिया है। 

जिसके अनुसार, 1 अप्रेल से प्रदेश की सभी महिलाओं को ये सुविधा दी जाएगी। इसमें रोडवेज बसों द्वारा राज्य में महिलाओं को कहीं भी आने जाने के दौरान अब केवल आधा किराया ही देना होगा। 

ऐसे समझे?

अगर राजस्थान रोडवेज की किसी भी साधारण श्रेणी की बस में  कोई महिला जयपुर से अजमेर जाती है और मान लीजिए अजमेर का किराया 100 रुपये देना होता है, तो अब आगामी 1 अप्रेल से महिला को केवल आधा किराया यानि 50 रुपये ही चुकाने होंगे।

हालांकि, लग्जरी बसों में यह छूट पहले की तरह ही 30 फीसदी ही रहेगी। महिलाओं को यह 30 फीसदी की छूट भी केवल राजस्थान की सीमा में ही मिलेगी।


इन्होंने बताया महिलाओं के साथ छल

राजस्थान की गहलोत सरकार की इस घोषणा को महिला आयोग की पूर्व अध्यक्ष ने महिलाओं के साथ छल करना बताया है।  महिला आयोग की पूर्व अध्यक्ष सुमन शर्मा ने कहना है कि अगर सरकार को बसों के किराए में छूट देनी ही है तो सभी श्रेणियों की बसों में 50 फीसदी छूट देनी चाहिए थी।

कुछ बसों में 50 फीसदी और कुछ में 30 फीसदी तो महिलाओं के साथ धोखा है। इसके अलावा राज्य की सीमा के बाहर जाने पर पूरा किराया चार्ज करने को भी गलत ठहराया है। 

शेयर करें: