जोधपुर | राजस्थान में कानून व्यवस्था को लेकर अपनी ही सरकार को निशाना बना चुकीं जोधपुर के ओसियां से विधायक दिव्या मदेरणा फिर से चर्चा में हैं।
पता कर लेती हूं किसके पेट में दर्द है: दिव्या मदेरणा ने कहा- मैं नब्ज देखना सीख चुकीं हूं
पूर्व मंत्री परसराम मदेरणा की पोती दिव्या ने लोगों से ये भी कहा है कि अब मैंने वैद की तरह नब्ज (नस) देखना भी सीख लिया है, अब तो मैं देखने से पता कर लेती हूं कि किसके पेट में दर्द है या नहीं। कहां क्या चल रहा है?
HIGHLIGHTS
- पूर्व मंत्री परसराम मदेरणा की पोती दिव्या ने लोगों से ये भी कहा है कि अब मैंने वैद की तरह नब्ज (नस) देखना भी सीख लिया है, अब तो मैं देखने से पता कर लेती हूं कि किसके पेट में दर्द है या नहीं। कहां क्या चल रहा है?
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प्रदेश में विधानसभा चुनाव 2023 को लेकर सभी पार्टियां और नेता अपने-अपने क्षेत्र में सक्रिय हैं।
ऐसे में ओसियां विधायक दिव्या मदेरणा भी अपने क्षेत्र में हर दिन दौरे कर रही हैं और लोगों से मिल कर उनकी परेशानी जान रही हैं।
इसी के साथ दिव्या अपने काम के बल पर लोगों से समर्थन भी मांग रही है।
उनका कहना है कि मैंने जो वादे किए थे उनका पूरा भी किया है। इसलिए अब आपको भी मुझे पूरा समर्थन देना चाहिए।
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आपको बता दें कि दिव्या मदेरणा प्रदेश के पूर्व दिवंगत मंत्री महिपाल मदेरणा की बेटी हैं। जिन्होंने अपने परिवार के राजनीतिक सफर को आगे बढ़ाते हुए साल 2018 के विधानसभा चुनाव में भाजपा प्रत्याशी को मात दी थी।
दिव्या अपने परिवार की तीसरी पीढी के रूप में राजनीतिक विरासत संभाल रही हैं।
सीख लिया नब्ज देखना
पूर्व मंत्री परसराम मदेरणा की पोती दिव्या ने लोगों से ये भी कहा है कि अब मैंने वैद की तरह नब्ज (नस) देखना भी सीख लिया है, अब तो मैं देखने से पता कर लेती हूं कि किसके पेट में दर्द है या नहीं। कहां क्या चल रहा है?
दरअसल, दिव्या का ये इशारा उन लोगों की ओर है जो आगे उनका साथ देंगे या नहीं?
कानून व्यवस्था पर उठाए थे सवाल
गौरतलब है कि विधायक दिव्या मदेरणा ने विधानसभा सत्र के दौरान मीडिया से बातचीत में प्रदेश की कानून व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए कहा कि जब मैं ही सुरक्षित महसूस नहीं करती हूं तो सामान्य महिलाओं की सुरक्षा कैसे हो ?
इस बार होगा कड़ा मुकाबला
सियासी गलियारों में चल रही चर्चा की माने तो इस बार विधानसभा चुनाव बेहद ही कड़े होने की संभावना है।
माना जा रहा है कि इस बार भाजपा और कांग्रेस दोनों ही पार्टियां ओसियां से जाट उम्मीदवार को ही मैदान में उतारेगी।
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