हनुमानगढ़ | राजस्थान के हनुमानगढ़ जिले में पुलिस और एंटी गैंगस्टर टास्क फोर्स (AGTF) ने एक बड़ी संयुक्त कार्रवाई करते हुए राज्य को एक भीषण गैंगवार की दहलीज से बाहर निकाल लिया है। पंजाब से राजस्थान की सीमा में दाखिल हुए तीन खूंखार शूटरों को पुलिस ने वारदात को अंजाम देने से पहले ही दबोच लिया।
खून के बदले खून की थी तैयारी
गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान पंजाब निवासी सन्नी, संजीव और रवि के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार, ये तीनों कुख्यात विशाल पचार उर्फ बॉक्सर गैंग के सक्रिय सदस्य हैं। पूछताछ के दौरान चौंकाने वाला खुलासा हुआ कि ये शूटर अपने साथी गैंग सदस्य गोलू पंडित की हत्या का बदला लेने के लिए राजस्थान आए थे। इनका उद्देश्य राज्य में किसी बड़ी वारदात को अंजाम देकर सनसनी फैलाना और दहशत का माहौल बनाना था।
स्कॉर्पियो के सीक्रेट चैंबर में मिला हथियार
इस पूरी साजिश का पर्दाफाश पुलिस की गहन जांच के बाद हुआ। चार दिन पहले हेरोइन तस्करी के मामले में पकड़े गए इसी गैंग के अन्य सदस्यों से रिमांड के दौरान मिली सूचना पर पुलिस ने एक स्कॉर्पियो गाड़ी की तलाशी ली। इस दौरान गाड़ी के भीतर बने एक विशेष गुप्त खाने (Secret Chamber) से विदेशी ग्लॉक पिस्टल बरामद की गई। इसी आधुनिक हथियार का इस्तेमाल लक्षित हत्या (Target Killing) के लिए किया जाना था।
पुलिस की बड़ी उपलब्धि
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अरविंद बिश्नोई ने बताया कि संगठित अपराध के विरुद्ध यह राजस्थान पुलिस की एक महत्वपूर्ण सफलता है। संगरिया थाना प्रभारी अमर सिंह और AGTF की टीम ने तकनीकी सर्विलांस और खुफिया सूचनाओं के आधार पर इन शूटरों को ट्रैक किया। फिलहाल पुलिस इस बात की जांच कर रही है कि इन शूटरों के स्थानीय मददगार कौन थे और इनके निशाने पर कौन-कौन से लोग थे। पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि गैंगस्टरों के नेटवर्क को पूरी तरह ध्वस्त करने के लिए अभियान जारी रहेगा।
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